आखिरकार पाकिस्तान को भी भारत से कोरोना टीकों की मदद मिलने वाली है। यह मदद उसे कोवॉक्स कार्यक्रम के तहत मिलेगी। चूंकि भारत से सरकार से मदद मांगने के लिए इमरान सरकार झुकने को तैयार नहीं है, इसलिए उसने पिछले दरवाजे से यह इंतजाम किया है। बहरहाल, भारत में एस्ट्रोजेनेका कंपनी के लिए टीका तैयार कर रहे सीरम इंस्टीट्यूट के मार्फत उसे करीब पौने दो करोड़ टीके मिलेंगे, वह भी निशुल्क।
प्रधानमंत्री इमरान खान के विशेष विशेष सहायक (स्वास्थ्य) डॉ. फैसल सुल्तान ने रविवार को ट्वीट कर बताया कि फरवरी से पाकिस्तान को एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन मिलने जा रही है। 60 लाख खुराक की डिलिवरी मार्च तक हो जाएगी। जून तक 1.70 करोड़ डोज मिल जाएंगे।
असद उमर ने ट्वीट किया, कोविड वैक्सीन मोर्चे पर खुशखबरी। कोवाक्स से मिले पत्र में 2021 के पहले छमाह में एस्ट्राजेनेका वैक्सीन की 1.70 करोड़ डोज मिलने की सूचना दी गई है। हमने 8 महीने पहले कोवाक्स प्रोग्राम पर हस्ताक्षर किए थे। उमर ने बताया कि पाकिस्तान में टीकाकरण अगले सप्ताह शुरू होने जा रहा है और सबसे पहले हेल्थकेयर वर्कर्स को टीका लगाया जाएगा।
क्या है कोवॉक्स कार्यक्रम
दरअसल विश्व स्वास्थ्य संगठन यानी डब्ल्यूएचओ की पहल पर विकासशील और गरीब देशों को निश्चित संख्या में मुफ्त टीके उपलब्ध कराए जा रहे हैं। कोवाक्स प्लान के तहत सभी देशों को समय पर और उचित मात्रा में वैक्सीन उपलब्ध कराए जाने का लक्ष्य तय किया गया है। पाकिस्तान को 20 फीसदी आबादी के लिए मुफ्त टीका मिलेगा। बाकी आबादी को इमरान सरकार को अपने खर्चे या अन्य देशों से मदद लेकर टीके लगवाना होंगे। टीका निर्माता व उत्पादक कंपनियां भी कोवॉक्स कार्यक्रम के तहत निशुल्क टीके मुहैया करा रही हैं। चीन अपने इस मित्र देश को पांच लाख टीके निशुल्क दे चुका है।