पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान
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जम्मू कश्मीर के पुलवामा में हुए आत्मघाती हमले के बाद कई देशों ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में आतंकी मसूद अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित करने के लिए प्रस्ताव पेश किए। लेकिन चीन ने अपने वीटो का इस्तेमाल करके उसे बचा लिया।
अब पाकिस्तान का इस मामले पर कहना है कि वह आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के सरगना को वैश्विक आतंकी घोषित करने के लिए तैयार है लेकिन इसमें पुलवामा हमले को शामिल नहीं किया जाए। ये बात पाकिस्तान विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता मोहम्मद फैजल ने एक पाकिस्तानी टेलीवीजन पर कही है।
फैजल ने कहा है, "पुलवामा हमले में अगर मसूद अजहर का हाथ था तो भारत को सबूत देना चाहिए। तो हम सूची के बारे में चर्चा करने को तैयार हैं।" पुलवामा हमले को एक अलग मुद्दा बताते हुए उन्होंने कहा कि उनके देश (पाकिस्तान) ने कई बार कहा है कि भारत जम्मू और कश्मीर में स्वदेशी विद्रोह को "दबाने" की कोशिश कर रहा है।
फैजल का बयान ऐसे समय में आया है, जब ब्रिटेन ने कहा है कि उसे उम्मीद है संयुक्त राष्ट्र जल्द ही मसूद अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित कर देगा। ब्रिटिश उच्चायुक्त सर डोमिनिक एसकीथ ने शुक्रवार को पाकिस्तान द्वारा अपने यहां आतंकी गुटों के खिलाफ ठोस और विश्वसनीय कार्रवाई किए जाने को भी कहा है।
पुलवामा हमले की जिम्मेदारी मसूद अजहर ने ही ली थी। जिसमें केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) पर आत्मघाती हमला हुआ था। इस हमले में 40 जवान शहीद हो गए। वहीं चीन अपने वीटो का इस्तेमाल करके अजहर को चार बार बचा चुका है।