पर्यवेक्षकों के मुताबिक देश में अपनी नाकामियों और अपनी सत्ता के लिए बढ़ रही चुनौतियों से ध्यान हटाने के लिए शहबाज शरीफ सरकार ने बिना ठोस सबूत पेश किए भारत पर इल्जाम लगाने की रणनीति अपनाई है। वह मामले को अभी और हवा दे सकती है।
सनाउल्लाह ने कहा कि पाकिस्तान का विदेश मंत्रालय ‘आतंकवाद में भारत के हाथ’ का मुद्दा अंतरराष्ट्रीय मंचों पर उठाएगा। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो जरदारी संयुक्त राष्ट्र में इस मसले को उठाएंगे। सनाउल्लाह ने आरोप लगाया कि भारत ने पाकिस्तान में दहशतगर्दी फैलाने के लिए आतंकवादियों को आठ लाख डॉलर दिए हैं।
जानकारों के मुताबिक पाकिस्तान का आर्थिक संकट हर गुजरते दिन के साथ बढ़ता जा रहा है। इस बीच पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने देश में जल्द चुनाव कराने के लिए दबाव बना रखा है। शहबाज शरीफ सरकार इन हालात से घिरी हुई है। इसके बीच उसने ‘इंडिया कार्ड’ चला है। लेकिन इससे उसे राहत मिलने की संभावना नहीं है।