पाकिस्तान ने 27 साल बाद आखिर मान लिया कि मोस्टवांटेड आतंकी व 1993 में मुंबई धमाकों का गुनहगार दाऊद इब्राहिम कराची में ही है। दुनियाभर में आतंकी फंडिंग पर नजर रखने वाले वित्तीय कार्रवाई कार्यबल एफएटीएफ की काली सूची से बचने की कोशिश में पाकिस्तान को मजबूरन यह कदम उठाना पड़ा है। हालांकि देर रात पाकिस्तान अपनी इस बात से पलट गया।
दाऊद के पास पाकिस्तान का नागरिकता नंबर है। दाऊद की राष्ट्रीय पहचान संख्या KC-285901 है। उसका पूरा पता हैः व्हाइट हाउस, सऊदी मस्जिद के पास, घर संख्या 37, सड़क संख्या 30, डिफेंस हाउसिंग अथॉरिटी, करांची पाकिस्तान है। लिस्ट के मुताबिक, दाऊद के भारतीय पासपोर्ट का नंबर A-333602 है, जिसे 4 जून 1985 को मुंबई से जारी किया गया था। बड़ी बात यह कि इस लिस्ट में दाऊद के नाम के साथ यह भी बताया गया है कि वह 14 पासपोर्ट रखता है, जिसके अलग अलग नंबर हैं। इसके अलावा कराची में उसके तीन घर हैं।
सरकार ने 18 अगस्त को दो अधिसूचनाएं जारी करते हुए 26/11 मुंबई हमले के साजिशकर्ता और जमात-उद-दावा के सरगना सईद, जैश-ए-मोहम्मद के प्रमुख अजहर और अंडरवर्ल्ड डॉन इब्राहीम पर प्रतिबंधों की घोषणा की थी। इब्राहीम 1993 मुंबई बम विस्फोटों के बाद भारत के लिए सबसे वांछित आतंकवादी बन कर उभरा है।
2011 में इंटरपोल ने रेड कॉर्नर नोटिस जारी करते हुए दाऊद के कराची के दो पते का जिक्र किया था। इनमें से एक था- मकान नंबर 37, डिफेंस हाउसिंग अथॉरिटी और दूसरा व्हाइट हाउस, क्लिफटन रोड जो सऊदी मस्जिद के पास है। दोनों एक-दूसरे से पांच किमी. की दूरी पर हैं।
खबर के मुताबिक, सरकार ने इन संगठनों और आकाओं की सभी चल और अचल संपत्तियों को जब्त करने और उनके बैंक खातों को सील करने के आदेश दिए हैं। खबर के अनुसार सईद, अजहर, मुल्ला फजलुल्ला (उर्फ मुल्ला रेडियो), जकीउर रहमान लखवी, मुहम्मद यह्या मुजाहिद, अब्दुल हकीम मुराद, नूर वली महसूद, उजबेकिस्तान लिबरेशन मूवमेंट के फजल रहीम शाह, तालिबान नेताओं जलालुद्दीन हक्कानी, खलील अहमद हक्कानी, यह्या हक्कानी और इब्राहिम और उनके सहयोगी सूची में हैं।