गौरतलब है कि पाकिस्तान में बीते कुछ वर्षों में आतंकी हमलों में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। खासकर खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान प्रांत में। इन हमलों में बढ़ोतरी की मुख्य वजह आतंकी संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) के साथ पाकिस्तान सरकार का शांति समझौता टूटना रहा है।