पाकिस्तान के मीडिया संस्थान डॉन के मुताबिक लाहौर की एक आतंकरोधी अदालत (एटीसी) ने जमात-उद-दावा के सरगना हाफिज सईद समेत तीन अन्य लोगों को गिरफ्तारी से पूर्व जमानत को अनुमति दे दी है। अदालत ने यह फैसला मदरसे की भूमि को अवैध कार्यों के लिए इस्तेमाल करने के एक मामले में लिया है।
एटीसी ने आरोपियों हाफिज सईद, अमीर हमजा, हाफिज मसूद और मलिक जफर को 31 अगस्त तक के लिए अंतरिम जमानत दी है। इसके लिए आरोपियों को 50-5- हजार रुपये का सुरक्षा बॉन्ड भरना होगा।
बता दें कि कुछ दिन पहले पंजाब पुलिस के आतंकवाद रोधी विभाग (सीटीडी) ने टेरर फंडिंग मामले में हाफिज समेत जमात के 13 नेताओं के खिलाफ 23 एफआईआर दर्ज की थीं। सीटीडी ने हाफिज सईद के खिलाफ पुख्ता सुबूत मिलने की बात कही थी। गौरतलब है कि हाल ही में अदालत ने जमात और जैश-ए-मोहम्मद के 12 सदस्यों को पांच साल कैद की सजा सुनाई थी।
बताया जाता है कि इन लोगों ने फंड जुटाने के लिए पांच ट्रस्ट बना रखे थे। इनके जरिये लश्कर-ए-ताइबा, जमात-उद-दावा और फलाह-ए-इंसानियत को मदद पहुंचाते थे। सीटीडी ने कहा था कि उसने पांच ट्रस्टों के जरिए रकम जुटाकर आतंकवाद को वित्तीय मदद मुहैया कराने के आरोप में जमात उद दावा (जेयूडी) के प्रमुख और 12 सहयोगियों के खिलाफ 23 मामले दर्ज किए।