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Pakistan: उत्साहित कार्यकर्ता..हलचल, फिर धमाका; पाकिस्तान में आत्मघाती हमले से ठीक पहले का वीडियो वायरल, देखें

Mon, 31 Jul 2023 10:27 AM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इस्लामाबाद

सार

मंच पर नेता बोल रहे थे और लोगों की भीड़ उन्हें सुन रही थी। इसी दौरान लोगों की भीड़ में मौजूद एक आत्मघाती हमलावर ने विस्फोट कर दिया। 
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पाकिस्तान बम विस्फोट में गईं कई जानें - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के बाजौर में हुए बम विस्फोट में अब तक 44 लोगों की मौत हो चुकी है और करीब 200 लोग घायल बताए जा रहे हैं। इस विस्फोट से जुड़े वीडियो बताकर कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। इन वीडियो में वो लम्हा कैद है, जब हमलावर ने खुद को बम से उड़ा लिया। इसके बाद वहां अफरा-तफरी मच गई। बता दें कि ये विस्फोट जमीयत उलेमा इस्लाम-फजल की रैली में हुआ। यह पार्टी पाकिस्तान के सत्ताधारी गठबंधन की सहयोगी पार्टी है और इसके नेता मौलाना फजलुर रहमान हैं।
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लोगों की भीड़ में हमलावर ने किया विस्फोट
वीडियो में दिख रहा है कि जमीयत उलेमा इस्लाम-फजल की खैबर पख्तूनख्वा के बाजौर में रैली हो रही थी। मंच पर नेता बोल रहे थे और लोगों की भीड़ उन्हें सुन रही थी। इसी दौरान लोगों की भीड़ में मौजूद एक आत्मघाती हमलावर ने विस्फोट कर दिया। विस्फोट के वक्त काफी संख्या में लोग मौजूद थे, यही वजह है कि विस्फोट में ज्यादा लोग हताहत हुए। 

ये भी पढ़ें- Pakistan: पाकिस्तान में राजनीतिक दल के सम्मेलन में आत्मघाती विस्फोट; 44 से ज्यादा लोगों की मौत, 100 घायल
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JUI-F के कई नेता हुए विस्फोट का शिकार
पाकिस्तानी पुलिस ने बयान में कहा है कि हमले को अंजाम एक आत्मघाती हमलावर ने दिया। हमलावर विस्फोटक से लैस जैकेट पहनकर रैली में पहुंचा था और रैली के दौरान जब वहां काफी संख्या में लोग मौजूद थे, उसी वक्त उसने विस्फोट कर दिया। हमलावर ने मंच के करीब विस्फोट किया, जिसकी वजह से जमीयत उलेमा इस्लाम-फजल के कई नेता इस विस्फोट की चपेट में आए हैं। पार्टी के नेता मौलाना फजलुर रहमान रैली में मौजूद नहीं थे।
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आईएस पर आत्मघाती हमले का शक
बता दें कि जिस जगह विस्फोट हुआ, वह बाजौर जिला पाकिस्तान-अफगानिस्तान की सीमा पर मौजूद है और कट्टरपंथी तहरीक ए तालिबान का गढ़ माना जाता है। जमीयत उलेमा इस्लाम-फजल के नेता मौलाना फजलुर रहमान को भी आमतौर पर स्थानीय इस्लामिक संगठनों का समर्थक माना जाता है। शुरुआती जांच में  पता चला है कि यह हमला खूंखार आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट ने अंजाम दिया है। यह संगठन अफगानिस्तान से संचालित होता है और इसे अफगान तालिबान का दुश्मन माना जाता है। यही वजह है कि इस्लामिक स्टेट पर हमले का शक जताया जा रहा है। तहरीक ए तालिबान ने भी बयान जारी कर कहा है कि यह हमला इस्लामिक संगठनों को एक दूसरे के खिलाफ करने के लिए किया गया है।  
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