पाकिस्तान ने एक बार फिर मान लिया है कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत ने उसके हवाईअड्डों पर हमला किया था और ऑपरेशन के दौरान ही सऊदी प्रिंस फैसल ने विदेश मंत्री जयशंकर से बात कर यह संदेश दिया था कि पाकिस्तान रुकने के लिए तैयार है। जियो टीवी पर हामिद मीर से बात करते हुए पाकिस्तान के उप प्रधानमंत्री सह विदेश मंत्री इशाक डार ने कहा कि भारत के हमले के बाद प्रधानमंत्री ने सेना को अधिकृत कर दिया कि उन्हें क्या कार्रवाई करनी है, हालांकि उसी रात (छह-सात मई) भारत ने हमारे दो और एयरबेस नूरखान और शोरकोट पर हमला कर दिया।
सऊदी प्रिंस के फोन कॉल पर क्या कुछ हुई बातचीत
डार ने आगे कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत ने हमारे दो और एयरबेस नूरखान और शोरकोट पर हमला कर दिया। इसके कुछ देर बाद मुझे सऊदी प्रिंस फैसल (फैसल बिन सलमान) का फोन आया कि भाई, हमें पता है कि आप रुबियो (अमेरिकी विदेश मंत्री) के संपर्क में हो लेकिन क्या आप हमें जयशंकर से बात करने के लिए अधिकृत करते हो कि आप रुकने के लिए तैयार हैं तो मैंने उनसे कहा, हां, आप जरूर करिए। इसके करीब 25 मिनट बाद उनका फोन आया कि उन्होंने जयशंकर से बात कर संदेश दे दिया है।
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इससे पहले भी पाकिस्तान ने स्वीकारी हमले की बात
इसके साथ ही पाकिस्तान के उप प्रधानमंत्री ने कहा कि बात यह है कि अगर उन्होंने अपना किरदार अदा किया है और वह इसका क्रेडिट लेना चाहते हैं तो 13 दफा ले लें या 130 दफा ले लें, हमें इसमें कोई परेशानी नहीं है। उन्होंने कहा कि इससे पहले भी पाकिस्तान ने कई मौकों पर भारत की तरफ से उसके हवाईअड्डों को निशाना बनाने की बात स्वीकार की है।
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ऑपरेशन सिंदूर, जिससे पड़ोसी के उड़ गए थे होश
गौरतलब है कि 6 से 7 मई की दरमियानी रात को 1:05 बजे से लेकर 1:30 बजे तक सशस्त्र बलों ने ऑपरेशन सिंदूर को अंजाम दिया। 25 मिनट के इस ऑपरेशन में 24 मिसाइलों के जरिए नौ आतंकी शिविरों को ध्वस्त कर दिया गया। इन नौ ठिकानों में से पांच पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में थे, वहीं चार पाकिस्तान में थे। इन ठिकानों में आतंकियों को भर्ती किया जाता था। उन्हें प्रशिक्षित किया जाता था। इतना ही नहीं भारतीय सेना के इस कार्रवाई में आतंकी मसूद अजहर के परिवार के दस लोगों की मौत हो गई।