उत्तर कोरिया एक बार फिर रूस की मदद के लिए एक बार फिर पहल की है। उत्तर कोरिया अब रूस के कुर्स्क क्षेत्र में पुनर्निर्माण कार्यों में मदद और बारूदी सुरंग हटाने के लिए हजारों सैन्य श्रमिकों भेजेगा। इससे उत्तर कोरिया और रूस के संबंधों में मजबूती आएगी।
यूक्रेन के खिलाफ जंग में उत्तर कोरिया रूस की कई बार मदद कर चुका है। रूसी समाचार एजेंसी तास के अनुसार रूसी सुरक्षा परिषद के सचिव सर्गेई शोइगु ने कहा कि उत्तर कोरियाई नेता किम जोंग उन ने कुर्स्क क्षेत्र में बारूदी सुरंगों को साफ करने के लिए एक हजार सैनिक और बुनियादी ढांचे को बहाल करने के लिए पांच हजार सैन्य निर्माण श्रमिकों को भेजने का फैसला लिया है।
शोइगु ने कहा कि रूसी धरती से यूक्रेन के सैनिकों को खदेड़ने के बाद हम रचनात्मक सहयोग जारी रखने पर सहमत हुए हैं। इसमें उत्तर कोरिया कुर्स्क क्षेत्र की बहाली में सहायता प्रदान करेगा। यह एक तरह की भाईचारे वाली सहायता है। उन्होंने कहा कि रूस और उत्तर कोरिया ने कुर्स्क में मरने वाले उत्तर कोरियाई सैनिकों के सम्मान में दोनों देशों में स्मारक बनाने पर सहमति व्यक्त की है।
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उत्तर कोरिया की आधिकारिक कोरियन सेंट्रल न्यूज एजेंसी ने कहा कि किम ने कुर्स्क की वर्तमान स्थिति के संबंध में रूस के साथ उत्तर कोरिया के सहयोग की बात दोहराई। हालांकि उन्होंने सैन्य निर्माण श्रमिक भेजने की बात का जिक्र नहीं किया। किम ने कहा कि उन्होंने रूस की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा के लिए किए जा रहे प्रयासों का हमेशा और बिना शर्त समर्थन किया है।
किम और शोइगू ने कुर्स्क क्षेत्र को मुक्त कराने के लिए उत्तर कोरियाई सैनिकों के कामों को लंबे समय तक प्रसारित करने के लिए कुछ योजनाओं को मंजूरी दी। शोइगु की यह उत्तर कोरिया की लगभग तीन महीनों में तीसरी यात्रा थी।
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अमेरिका और कई देशों ने पहले भी उठाया था मुद्दा
गौरतलब है कि यूक्रेन, दक्षिण कोरिया और अमेरिका की खुफिया एजेंसियां दावा कर रहीं हैं कि उत्तर कोरिया ने रूस की मदद के लिए अपने करीब 10 हजार सैनिक भेजे हैं, जिन्होंने मोर्चे पर रूस की तरफ से लड़ाई लड़ी थी। इसके अलावा उत्तर कोरिया रूस के खत्म हो चुके भंडार को फिर से भरने के लिए भारी मात्रा में पारंपरिक हथियार मुहैया करा रहा है। इसके बदले रूस उत्तर कोरिया को सैन्य और आर्थिक सहायता दे रहा है।
दक्षिण कोरिया को इस बात का है डर
दक्षिण कोरिया की खुफिया एजेंसी के प्रमुख का ये भी दावा है कि उत्तर कोरिया ने अगस्त 2023 के बाद से करीब 13 हजार कंटेनर आर्टिलरी, मिसाइलें और अन्य हथियार रूस भेजे हैं। दक्षिण कोरिया को आशंका है कि यूक्रेन युद्ध में मदद के बदले रूस उत्तर कोरिया को अहम हथियार और तकनीक दे सकता है। साथ ही उन्हें आशंका है कि रूस, उत्तर कोरिया के परमाणु और मिसाइल कार्यक्रम को भी मदद दे सकता है। उत्तर कोरिया को रूस से आर्थिक और अन्य सहायता मिलने की भी उम्मीद है।