एक पीठ ने पिछले महीने 24 वर्षीय क्रूज को मृत्युदंड की सजा से बचाने के लिए मतदान किया और इसके बजाय अमेरिकी इतिहास में सबसे घातक सामूहिक गोलीबारी में से एक के लिए पैरोल की संभावना के बिना आजीवन कारावास का चयन किया। इससे पहले क्रूज को पिछले साल अपने हिसात्मक आचरण के तहत 14 फरवरी, 2018 को पूर्व नियोजित एक हत्या के लिए दोषी ठहराया गया था।
अमेरिका के फ्लोरिडा के एक हाई स्कूल में अर्ध-स्वचालित राइफल से 17 छात्रों और कर्मचारियों की हत्या करने वाले निकोलस क्रूज को बुधवार को औपचारिक रूप से आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई। न्यूज एजेंसी रॉयटर्स ने यह जानकारी दी है। हमले में बचे लोगों और पीड़ितों के रिश्तेदारों की पीड़ा भरी गवाही को घंटों सुनने के बाद अदालत ने क्रूज को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
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एक पीठ ने पिछले महीने 24 वर्षीय क्रूज को मृत्युदंड की सजा से बचाने के लिए मतदान किया और इसके बजाय अमेरिकी इतिहास में सबसे घातक सामूहिक गोलीबारी में से एक के लिए पैरोल की संभावना के बिना आजीवन कारावास का चयन किया। इससे पहले क्रूज को पिछले साल अपने हिसात्मक आचरण के तहत 14 फरवरी, 2018 को पूर्व नियोजित एक हत्या के लिए दोषी ठहराया गया था।फिर इस साल की शुरुआत में एक अन्य मामले में तीन महीने की सजा सुनाई गई थी।
ब्रोवार्ड काउंटी सर्किट की न्यायाधीश एलिजाबेथ शेरेर (Elizabeth Scherer) ने सजा सुनाए जाने से पहले पीड़ितों के रिश्तेदारों को अदालत के सामने अपना पक्ष रखने की अनुमति देने की अभियोजन पक्ष के अनुरोध पर सहमति व्यक्त की। सजा की कार्यवाही मंगलवार को पीड़ितों के बयानों के साथ शुरू हुई। हालांकि कई पीड़ितों के रिश्तेदारों ने न्यायाधीश के फैसले की आलोचना की और राज्य के कानून की भी आलोचना की। पीड़ितों के रिश्तेदारों का कहना था कि पीठ के सभी 12 सदस्यों को एक सजायाफ्ता व्यक्ति को फांसी की सजा देने के लिए एकमत होना चाहिए।
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17 वर्षीय पीड़ित निकोलस ड्वोरेट की मां अन्निका ड्वोरेट ने कहा कि "मृत्युदंड की गारंटी देने के लिए अपराध और भी कितना बुरा होगा?" कुछ रिश्तेदारों ने क्रूज के बचाव पक्ष के वकीलों को भी फटकार लगाई, उन्होंने मंगलवार को पीठ के सदस्यों की आलोचना को लेकर न्यायाधीश पर भी बेवजह आपत्ति जताई, यह जानते हुए कि क्रूज को कानूनी प्रतिनिधित्व का संवैधानिक अधिकार था।
कई पीड़ितों के रिश्तेदारों ने सीधे क्रूज को निशाना बनाया, जो बड़े चश्मे और कोविड-19 मास्क के साथ हथकड़ी पहने हुए अपने वकीलों के साथ एक टेबल पर बेखबर बैठा था। पीड़ितों में से एक की मां ने कहा कि इसे जिंदा रखना अपमानजनक है, इसके बाद क्रूज ने अपना मास्क हटा दिया।