यूक्रेन के लिए एक अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा बल बनाने के मकसद से पेरिस में 30 से अधिक देशों के सैन्य अधिकारियों की एक बैठक होगी। यह सुरक्षा बल यूक्रेन में किसी तरह युद्धविराम लागू होने के बाद हमलों को रोकने का प्रयास करेगा। इस बैठक में एशिया और ओशिनिया (ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड और पैसिफिक द्वीप समूह) के देश भी शामिल होंगे। फ्रांस के एक सैन्य अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी।
सैन्य अधिकारी ने कहा, 'फ्रांस और ब्रिटेन इस सुरक्षा बल की योजना पर मिलकर काम कर रहे हैं और उनका लक्ष्य ऐसे देशों का गठबंधन बनाना है, जो युद्धविराम के बाद यूक्रेन की रक्षा में भाग लेने के लिए सक्षम और इच्छुक हों।' अधिकारी ने इस योजना को गोपनीय रखते हुए बताया कि बैठक में इस बल के गठन पर विचार किया जाएगा।
बैठक के दोनों सत्रों में किन मुद्दों पर होगी चर्चा
उन्होंने बताया कि फ्रांस और ब्रिटेन प्रस्तावित सुरक्षा बल यूक्रेन को सुरक्षा प्रदान करने के मकसद से बना रहे हैं और यह युद्धविराम के बाद रूस के बड़े हमलों से बचने में मदद करेगा। इसमें भारी हथियारों और शस्त्रागारों को शामिल किया जा सकता है, जिन्हें जरूरत पड़ने पर कुछ घंटों या दिनों में यूक्रेन की रक्षा के लिए भेजा जा सकता है। फ्रांस और ब्रिटेन की योजना को मंगलवार को होने वाली बैठक के पहले सत्र में तीस से अधिक देशों के सैन्य अधिकारियों के सामने पेश किया जाएगा। बैठक के दूसरे सत्र में इन देशों के प्रतिनिधि विस्तार से ठोस चर्चा करेंगे, जहां वे यह बताएंगे कि इस बल में उनके देश किस तरह योगदान दे सकते हैं।
तीन नाटो देश नहीं होंगे बैठक में शामिल
फ्रांसीसी अधिकारी ने यह भी कहा कि इस बैठक में यह तय नहीं किया जाएगा कि क्या देशों को इस बल में भाग लेना चाहइए, बल्कि इस पर चर्चा की जाएगी कि वे इस प्रयास में क्या योगदान दे सकते हैं? हालांकि, अंतिम फैसला सरकारों के नेताओं द्वारा लिया जाएगा। नाटो के करीब 32 देशों के सेना प्रमुख इस बैठक में शामिल होंगे। हालांकि, तीन नाटो देशों अमेरिका, क्रोएशिया और मोंटेनेग्रो को आमंत्रित किया गया है, लेकिन वे इसमें शामिल नहीं होंगे।
बैठक में शामिल होंगे इन देशों के सैन्य प्रमुख
इस बैठक में आयरलैंड और साइप्रस के सेना प्रमुख भी शामिल होंगे, जो नाटो के सदस्य नहीं हैं, लेकिन यूरोपीय संघ के सदस्य हैं। इसके अलावा, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, जापान और दक्षिण कोरिया के सैन्य अधिकारी इस बैठक में दूर से शामिल होंगे। यूक्रेन की ओर से एक सैन्य अधिकारी भी इस बैठक में भाग लेंगे, देश की सुरक्षा और रक्षा परिषद के सदस्य भी हैं।
संबंधित वीडियो-