अमेरिकी दवा कंपनी मॉडर्ना इंक ने कहा है कि उसकी प्रयोगात्मक वैक्सीन कोविड-19 की रोकथाम में 94.5 फीसदी प्रभावी पाई गई है। कंपनी ने यह आंकड़ा वैक्सीन के अंतिम चरण के ट्रायल से मिले अंतरिम डाटा के आधार पर दिया है। कंपनी ने कहा है कि वैक्सीन के अभी तक के ट्रायल के परिणाम उत्साहजनक रहे हैं।
मॉडर्ना ने कहा कि जारी अध्ययन के प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार उसकी कोरोना वायरस रोधी वैक्सीन 94.5 प्रतिशत प्रभावी प्रतीत होती है। बता दें कि इससे एक सप्ताह पहले प्रतिद्वंद्वी कंपनी फाइजर इंक ने भी अपने टीके के इसी तरह प्रभावी होने की घोषणा की थी।
मॉडर्ना के अध्यक्ष डॉक्टर स्टीफन होज ने इसका स्वागत किया और कहा कि दो विभिन्न कंपनियों के समान परिणाम काफी आश्वस्त करने वाले हैं। उन्होंने कहा कि इससे हम सबको उम्मीद करनी चाहिए कि वास्तव में एक वैक्सीन इस महामारी को रोकने में सफल होने जा रही है।
ट्रंप और बाइडन ने किया स्वागत
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और अगले राष्ट्रपति जो बाइडन ने कोविड-19 वैक्सीन को लेकर मॉडर्ना इंक की इस घोषणा का स्वागत किया। ट्रंप ने ट्वीट किया, 'एस और वैक्सीन का एलान। इस बार मॉडर्ना की ओर से, 95 फीसदी प्रभावी। सभी महान इतिहासकार, कृपया याद रखें कि ये महान खोजें, जो चीनी प्लेग का खात्मा करेंगी, मेरे कार्यकाल के दौरान संभव हुईं।' वहीं बाइडन ने कहा कि यह खबर आशावादी महसूस करने के लिए एक और कारण है।
वैक्सीन को असर दिखाने में लगेगा समय
माना जा रहा है कि अगले साल की शुरुआत में कोरोना की कोई न कोई वैक्सीन बाजार में उपलब्ध हो जाएगी। लेकिन, इस बीच वैक्सीन बना रही फार्मा कंपनी फाइजर के वैज्ञानिकों ने दावा किया है कि अगर वैक्सीन बन भी जाती है तो उसे अपना असर दिखाने में समय लगेगा। तुरंत ही संक्रमण के मामलों में कमी नहीं आएगी।