राष्ट्रपति जो बाइडन सोमवार को एक महत्वपूर्ण भाषण देने वाले हैं। इस दौरान वह अपने प्रशासन की विदेश नीति की उपलब्धियों का जिक्र करेंगे। व्हाइट हाउस के मुताबिक, बाइडन अपने संबोधन में नाटो के विस्तार, यूक्रेन को रूस से लड़ने में मदद के लिए सहयोगियों को एकजुट करने और जापान और दक्षिण कोरिया के बीच सुरक्षा एवं आर्थिक सहयोग बढ़ाने के प्रयासों के बारे में बात करेंगे।
इन उपलब्धियों को रखेंगे सामने
एक वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि निवर्तमान राष्ट्रपति विदेश विभाग में अपने संबोधन में नाटो का विस्तार करने के अपने प्रशासन के प्रयासों को सामने रखेंगे, यूक्रेन को रूस से लड़ने के लिए सैन्य सहायता प्रदान करने के लिए दर्जनों सहयोगियों को लामबंद करेंगे, सुरक्षा और आर्थिक सहयोग बढ़ाने के लिए जापान और दक्षिण कोरिया के बीच ऐतिहासिक समझौता का उजागर कर सकते हैं।
चार साल बाद भाषण
यह भाषण बाइडन के राष्ट्रपति बनने के बाद राज्य विभाग में उनके पहले विदेशी नीति संबोधन के चार साल बाद होगा। 2021 में उन्होंने दुनिया को यह संदेश दिया था कि अमेरिका फिर से वैश्विक नेतृत्व की दिशा में काम करेगा, जो ट्रंप के अमेरिका फर्स्ट एजेंडे से अलग था।
ट्रंप लेंगे जल्द ही शपथ
हालांकि, अब बाइडन राष्ट्रपति के रूप में विदाई ले रहे हैं और डोनाल्ड ट्रंप के व्हाइट हाउस में लौटने की तैयारी के बीच यह भाषण देंगे। ट्रंप ने यूक्रेन के युद्ध प्रयासों के लिए अमेरिका के समर्थन की लागत पर आलोचना की है, नाटो देशों से रक्षा खर्च बढ़ाने की मांग की है, और यह भी कहा है कि वह पनामा नहर और ग्रीनलैंड पर अमेरिकी नियंत्रण को सुनिश्चित करने के लिए सैन्य बल का उपयोग करने से इनकार नहीं करेंगे, क्योंकि उनका मानना है कि ये दोनों अमेरिकी राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण हैं।