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Taiwan Tension: चीनी सेना जंग के लिए तैयार रहे, ताइवान से बढ़ते तनाव के बीच जिनपिंग का आदेश

Wed, 09 Nov 2022 01:40 PM IST
सुरेंद्र जोशी वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग

सार

चीन की सरकारी न्यूज एजेंसी शिन्हुआ के अनुसार शी जिनपिंग ने कहा, 'पूरी सेना को अपनी सारी ऊर्जा युद्ध की तैयारी में लगा देना चाहिए और युद्ध की तैयारी के लिए अपनी क्षमता को बढ़ाना चाहिए।

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चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग (फाइल फोटो) - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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ताइवान के साथ बढ़ते तनाव के बीच चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने मंगलवार को अपने देश की सेना को जंग के लिए तैयार रहने का आदेश दे दिया। उन्होंने कहा कि चीन अपनी सेना का युद्ध प्रशिक्षण मजबूत करेगा, सुरक्षा की स्थित लगातार अस्थिर और अनिश्चित बनती जा रही है। 

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स्काई न्यूज ऑस्ट्रेलिया की रिपोर्ट के अनुसार, चीनी राष्ट्रपति ने बीजिंग में केंद्रीय सैन्य आयोग के संयुक्त अभियान कमान सेंटर के दौरे के दौरान यह आदेश दिया। सीसीटीवी के अनुसार  जिनपिंग ने कहा कि चीन अब अपने सैन्य प्रशिक्षण और किसी भी युद्ध की तैयारी को व्यापक रूप से मजबूत करेगा।

चीन की सरकारी न्यूज एजेंसी शिन्हुआ के अनुसार शी जिनपिंग ने कहा, 'पूरी सेना को अपनी सारी ऊर्जा युद्ध की तैयारी में लगा देना चाहिए और युद्ध की तैयारी के लिए अपनी क्षमता को बढ़ाना चाहिए।जिनपिंग ने चीनी सशस्त्र बलों को 20वीं सीपीसी राष्ट्रीय कांग्रेस के मार्गदर्शक सिद्धांतों का पूरी तरह से अध्ययन, उनका प्रचार और कार्यान्वयन करने तथा राष्ट्रीय रक्षा और सेना को और आधुनिक बनाने के लिए ठोस कार्रवाई करने का निर्देश दिया। स्काई न्यूज के अनुसार जिनपिंग ने सशस्त्र बलों को राष्ट्रीय संप्रभुता, सुरक्षा और विकास हितों की रक्षा करने तथा पार्टी व जनता द्वारा सौंपे गए विभिन्न कार्यों को पूरा करने का भी निर्देश दिया।
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सेना की वर्दी पहनकर जिनपिंग ने पहले भी दिए निर्देश
चीन के केंद्रीय सैन्य आयोग में सैनिकों को संबोधित करते हुए सेना की वर्दी पहनकर  जिनपिंग पहले भी इसी तरह की टिप्पणी कर चुके हैं। लेकिन, उनकी ताजा टिप्पणी, ताइवान को लेकर अमेरिका के साथ चीन के बढ़ते तनाव के बीच आई है। अगस्त में अमेरिकी स्पीकर नैंसी पेलोसी की ताइवान यात्रा के बाद यह तनाव बढ़ गया है। 
चीन ने पेलोसी की यात्रा को अपनी संप्रभुता के लिए एक चुनौती के रूप में देखा और ताइवान के ऊपर बड़े पैमाने पर सैन्य अभ्यास शुरू कर और बैलिस्टिक मिसाइल दागकर ताकत के प्रदर्शन के साथ जवाबी कार्रवाई की। 

ताइवान को लेकर चीनी नीति और सख्त
शी जिनपिंग के राष्ट्रपति कार्यकाल के दौरान ताइवान को लेकर चीनी नीति और सख्त हुई है। चीन सरकार का कहना है कि ताइवान उसका अलग द्वीप प्रांत है, उसका जल्द ही चीन में पुनर्मिलन हो जाएगा। जबकि अमेरिका व उसके अन्य पश्चिमी सहयोगी देश चीन के इस रवैये का विरोध करते हुए ताइवान को स्वतंत्र देश मानते हैं। 

तीसरे कार्यकाल के लिए राष्ट्रपति चुने गए जिनपिंग
69 साल के जिनपिंग को पिछले महीने चीन के राष्ट्रपति के रूप में ऐतिहासिक रूप से तीसरा कार्यकाल मिला है। उनकी पार्टी के शक्तिशाली पोलित ब्यूरो की स्थायी समिति ने उन्हें यह अवसर दिया। उन्हें चीन की सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी का उसके संस्थापक माओ जेडांग के बाद सबसे शक्तिशाली नेता माना जाता है। 

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