इस्राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू
- फोटो : Social Media
इस्राइल के महाधिवक्ता ने औपचारिक रूप से प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू पर भ्रष्टाचार के तीन मामलों में आरोप तय किए हैं। इससे इस्राइल की पहले से ही डांवाडोल चल रही राजनीतिक व्यवस्था को और झटका लग सकता है और सत्ता पर नेतन्याहू की पकड़ ढीली पड़ सकती है।
महाधिवक्ता अविचाई मैंडलब्लिट ने गुरुवार को अभियोग जारी करते हुए नेतन्याहू पर धोखाधड़ी, विश्वासघात और घूस के आरोप तय किए। किसी इस्राइली प्रधानमंत्री के कार्यकाल के दौरान उस पर आपराधिक आरोप लगने की यह पहली घटना है। मैंडलब्लिट को गुरुवार को बाद में एक औपचारिक बयान जारी करना था।
नेतन्याहू के खिलाफ अरबपति मित्रों से सैकड़ों हजारों डॉलर की शैम्पैन और सिगार घूस के रूप में लेने, अखबार के एक प्रकाशक को लाभ दिला कर अपने पक्ष में करने और अपने प्रभाव के इस्तेमाल से एक धनी टेलीकॉम कंपनी के मालिक की समाचार वेबसाइट पर कवरेज पाने के आरोप लगे हैं।
आरोप तय होने से नेतन्याहू को इस्तीफा नहीं देना होगा लेकिन उनपर पद छोड़ने का दबाव बढ़ सकता है। नेतन्याहू ने मीडिया, पुलिस, अभियोजन और न्याय व्यवस्था के खिलाफ बोलते हुए आरोपों को उनकी छवि धूमिल करने का प्रयास बताया। नेतन्याहू को गुरुवार को बयान जारी करना था।