फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Israel: अब 'ट्रंप वन' के नाम से जाना जाएगा इस्राइल का ये शहर, अमेरिकी राष्ट्रपति के सम्मान में उठाया कदम

Thu, 23 Jan 2025 08:33 AM IST
शुभम कुमार वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, तेल अवीव

सार

डोनाल्ड ट्रंप के सम्मान में इस्राइल के एक शहर का नाम बदलकर 'ट्रंप 1' रखने की घोषणा की गई है। ये घोषणा शहर के मेयर गाय यिफ़्रैच ने की है। उनका मानना है कि ट्रंप का दूसरा कार्यकाल यहूदी समुदायों को मजबूत करने का अच्छा अवसर है।
विज्ञापन
डोनाल्ड ट्रंप - फोटो : PTI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

20 जनवरी को अमेरिका के 47वें राष्ट्रपति के तौर पर डोनाल्ड ट्रंप ने शपथ ग्रहण किया। इसके बाद से दुनियाभर में उनकी नीति और नियत को लेकर चर्चा तेज हो गई। इसी बीच इस्राइल से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। जहां इस्राइल के माले अदुमिम शहर के मेयर गाय यिफ़्रैच ने घोषणा की कि उन्होंने नगरपालिका की एक खास जमीन का नाम बदलकर ट्रम्प वन (टी1) रख दिया है। 
विज्ञापन


ट्रंप से यहदू समुदाय को मजबूत करने की आश
इस्राइल के माले अदुमिम शहर के मेयर गाय यिफ़्रैच कहा कि यह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सम्मान में किया गया है। उन्होंने कहा कि ट्रंप का दूसरा कार्यकाल यहूदी समुदायों को मजबूत करने का अच्छा अवसर है, खासकर यहूदिया और सामरिया क्षेत्रों में। 

बता दें कि 4,000 एकड़ का ये क्षेत्र पहले E1 या मेवासेरेट अदुमिम के नाम से जाना जाता था। यह इस्राइल के प्रशासनिक और सुरक्षा क्षेत्र के हिस्से, यानी एरिया C में आता है। यहां 3,000 से ज्यादा नए घर बनाने की योजना बनाई गई थी, लेकिन बाइडन प्रशासन और अंतर्राष्ट्रीय विरोध के कारण यह योजना रोक दी गई थी।
विज्ञापन


मेयर यिफ्रैच ने बताया रणनीतिक संपत्ति
साथ ही मामले में मेयर यिफ़्रैच ने इस क्षेत्र को रणनीतिक संपत्ति बताया। इस्राइल के नेताओं से माले अदुमिम और यरुशलम के बीच क्षेत्रीय निरंतरता स्थापित करने की अपील की। गौरतलब है कि ट्रंप के नाम पर इस्राइल ने गोलान हाइट्स में भी एक नया समुदाय "रमत ट्रम्प" बनाकर उनका सम्मान किया था, जब 2019 में ट्रंप ने गोलान हाइट्स पर इस्राइल की संप्रभुता को मान्यता दी थी।



इस्राइली नेताओं ने की बाइडन की भी प्रशंसा
इसके अलावा, इस्राइली नेताओं ने बाइडन प्रशासन के द्वारा फलस्तीनी क्षेत्रों में रहने वाले यहूदी नागरिकों पर लगाए गए प्रतिबंधों को हटाने और संयुक्त राष्ट्र राहत एजेंसी (यूएनआरडब्ल्यूए) को दी जाने वाली सहायता को रोकने की प्रशंसा की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें