Iran: खर्ग द्वीप पर अमेरिका और इस्राइल के ताबड़तोड़ हमलों के जवाब में ईरान ने 510 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार वाले 'हदीद-110' आत्मघाती ड्रोन मैदान में उतारे हैं। उसने अमेरिकी और इस्राइली ठिकानों को इससे निशाना बनाने का दावा किया है। इन ड्रोन की क्या खासियत है, पढ़िए रिपोर्ट-
ईरानी सेना ने नवनिर्मित आत्मघाती ड्रोन 'हदीद-110' का इस्तेमाल करते हुए अमेरिकी और इस्राइली ठिकानों को निशाना बनाया है। हमले के दौरान नारा लगाया गया- या फातिमेह अल-जहरा (अलैहिस्सलाम)। ईरान की अर्ध-सरकारी तस्लीम न्यूज एजेंसी ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
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चाइना ग्लोबल टेलीविजन नेटवर्क (सीजीटीएन) यूरोप की रिपोर्ट में बताया गया है कि ईरान के ड्रोन लड़ाकों ने 'या फातिमेह अल-जहरा (अलैहिस्सलाम)' के कोड नाम के साथ अमेरिका की ओर हदीद-110 आत्मघाती थंडरबोल्ट ड्रोन लॉन्च किया। हदीद-110 ड्रोन को दलाहू के नाम से भी जाना जाता है। यह जेट-प्रोपेल्ड सुसाइड ड्रोन की श्रेणी में ईरान की नवीनतम उपलब्धि है। इसे 'प्रॉमिस ऑफ द ट्रुथ' अभियान में इस्तेमाल किया गया।
हदीद-110 और इसके पिछली पीढ़ी के सुसाइड ड्रोन में क्या अंतर?
सबसे बड़ा अंतर हदीद-110 के जेट इंजन में है, जो इसे पिछली पीढ़ी के सुसाइड ड्रोन से तेज और खतरनाक बनाता है। प्रोपेलर वाले मानव रहित विमान (यूएवी) सस्ते और आसान हैं। लेकिन आधुनिक वायु रक्षा प्रणाली के सामने कमजोर साबित होते हैं। धीमी उड़ान और कम गति इसकी कमजोरी है।
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जेट इंजन की वजह से हदीद-110 अपने लक्ष्य तक पहुंचने का समय काफी घटा देता है। इससे दुश्मन के लिए लक्ष्य का पता लगाने, ट्रैक करने और हमलावर को रोकने का समय कम हो जाता है। वायु रक्षा में हर सेकंड की देरी लक्ष्य नष्ट करने की संभावना घटा देती है।
यह यूएवी 'साहंद-2025' नाम के पांच दिन की आतंकवाद विरोधी अभ्यास में इस्तेमाल हुआ। यह अभ्यास शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के तहत ईरान के पूर्वी अजरबैजान प्रांत में हुआ।
अमेरिकी सशस्त्र बलों के सार्वजनिक रूप से उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, हदीद-110 की अधिकतम गति 510 किमी/घंटा है। इसकी रेंज 350 किमी है और यह 30 हजार फीट (9,144 मीटर) ऊंचाई तक उड़ सकता है। यह 30 किलोग्राम वारहेड ले जा सकता है और एक घंटे तक हवा में रह सकता है।
इस बीच, आईआरजीसी एयरोस्पेस फोर्स ने जवाबी कार्रवाई के अभियान में नए चरण की घोषणा की है। फतेह और खैबर-शाकान मिसाइलों के लिए दोहरी प्रक्षेपण प्रणाली तैनात की गई हैं।