ईरान के विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद जरीफ (फाइल फोटो)
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ईरान ने इराक में मौजूद अमेरिका के अल-असद एयरबेस पर कई रॉकेट हमले किए। यह हमला बुधवार सुबह तड़के साढ़े पांच बजे हुआ। जिसके बाद अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ऑल इज लेव का ट्वीट किया है। हालांकि इस हमले के बाद अमेरिका और ईरान के रिश्तों में जारी तनाव के और बढ़ने की आशंका है। इसी बीच ईरान के विदेश मंत्री का कहना है कि यह कार्रवाई उन्होंने आत्मरक्षा में किया है।
ईरान के विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद जरीफ ने कहा, 'संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुच्छेद 51 के तहत ईरान ने आत्मरक्षा में समानुपातिक उपाय अपनाते हुए हमला किया। जिसके तहत उस बेस को लक्षित किया गया जहां से हमारे नागरिकों और वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ कायरतापूर्ण हमले किए गए।'
जरीफ ने ट्वीट किया, ‘ईरान ने आत्मरक्षा के तौर पर यह कदम उठाया और उसके साथ ही सुलेमानी की मौत का बदला पूरा हो गया।’ उन्होंने बताया कि इस हमले में उस अड्डे को निशाना बनाया गया जहां से नागरिकों और वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ कायरतापूर्ण सैन्य हमला (अमेरिका द्वारा) किया गया था। उन्होंने कहा कि हम तनाव बढ़ाना या युद्ध नहीं चाहते लेकिन किसी भी आक्रामकता से खुद की रक्षा करेंगे।
ईरानी हमले के बाद ट्रंप बोले- ऑल इज वेल
ईरानी मिसाइल हमले के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्वीट कर कहा कि ऑल इज वेल (सब ठीक है), हम हताहतों की संख्या और संपत्ति के नुकसान का आकलन कर रहे हैं। हमारे पास दुनिया की सबसे मजबूत सेना है। मैं कल सुबह इस विषय पर बयान दूंगा।
इस्राइल और सऊदी अरब हाई अलर्ट पर
इस हमले के बाद से इस्राइल और सऊदी अरब अलर्ट पर हैं। ईरान ने इस्राइल के हाइफा शहर और सऊदी अरब पर भी हमले की चेतावनी दी है। इसके बाद से ही दोनों देशों की सेनाएं हाई अलर्ट पर हैं। उधर इस्राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी सैन्य कमांडरों की बैठक बुलाई है। जिसमें सुरक्षा संबंधी चिंताओं पर विचार किया जाएगा।
अमेरिका ने ईरान और इराक के ऊपर से हवाई सेवाएं प्रतिबंधित की
ताजा हमले के बाद अमेरिका ने तत्काल प्रभाव से ईरान और इराक के ऊपर से किसी भी अमेरिकी फ्लाइट के गुजरने पर पाबंदी लगा दी है। अमेरिका को आशंका है कि ईरान समर्थित विद्रोही संगठन अमेरिकी हवाई जहाजों को निशाना बना सकते हैं। कुछ दिनों पहले भी अमेरिकी खुफिया एजेंसियों ने चेतावनी जारी करते हुए कहा था कि विद्रोहियों के पास विमान को मार गिराने वाली मिसाइलें हैं।