फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

म्यांमार में फेसबुक पर लगा बैन, सैन्य शासन के बाद बड़ा कदम

Thu, 04 Feb 2021 12:39 PM IST
प्रदीप पाण्डेय पीटीआई, अमर उजाला, यंगून
विज्ञापन
Facebook - फोटो : social media
विज्ञापन

म्यांमार की सेना ने बृहस्पतिवार को स्थिरता सुनिश्चित करने के नाम पर फेसबुक और अन्य मैसेजिंग सेवाओं को बंद कर दिया। एक बयान के मुताबिक, सार्वजनिक हित और देश की स्थिरता के नाम पर देश के सभी मोबाइल ऑपरेटरों, अंतरराष्ट्रीय गेटवे और इंटरनेट सेवा प्रदाताओं को म्यांमार के परिवहन और संचार मंत्रालय से निर्देश मिला है कि वे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक को ब्लॉक कर दें।

विज्ञापन


उपयोक्ताओं ने बताया कि बुधवार देर रात से उन्हें फेसबुक इस्तेमाल करने में परेशानी आने लगी थी। मोबाइल सेवा प्रदाता कंपनी ‘टेलेनॉर म्यांमार ’ ने एक बयान में पुष्टि की कि उन्हें संचार मंत्रालय से फेसबुक को अस्थायी रूप से बंद करने का निर्देश मिला है। उसने कहा कि वह इसका पालन करेगा, हालांकि वह इस कदम के मानवाधिकारों का उल्लंघन करने वाला होने को लेकर भी चिंतित है।

सेना का कहना है कि आंग सान सू ची की निर्वाचित असैन्य सरकार को हटाने का एक कारण यह था कि वह कथित व्यापक चुनावी अनियमितताओं के आरोपों की ठीक से जांच करने में विफल रही। उसने घोषणा की है कि वह एक साल के लिए आपातकाल की स्थिति के तहत शासन करेगी और फिर चुनाव आयोजित करेगी जिसमें जीतने वाले सरकार का कार्यभार संभालेंगे।
विज्ञापन


बता दें कि सोमवार को हुए तख्तापलट के बाद देश की अपदस्थ सरकार अधिकांश घोषणाएं इसी कर करती थी। लेकिन बुधवार देर रात से उन्हें फेसबुक के इस्तेमाल में परेशानी आने लगी थी। मोबाइल सेवा प्रदाता कंपनी ‘टेलेनॉर म्यांमार’ ने एक बयान में पुष्टि की कि उन्हें संचार मंत्रालय से फेसबुक को अस्थायी रूप से बंद करने का निर्देश मिला है। परिवहन और संचार मंत्रालय से मिले निर्देशों के मुताबिक, ऑपरेटरों को बृहस्पतिवार से 7 फरवरी तक देश के दूरसंचार कानून की धारा 77 के तहत फेसबुक को ब्लॉक करने के लिए कहा गया है। यह कदम असंतोष को शांत करने के लिए उठाया गया है। बता दें कि म्यांमार में सत्ता की बागडोर अब सेना के हाथ में है और आंग सान सू की समेत अधिकांश नेताओं को हिरासत में लिया गया है। सेना ने इस कार्रवाई का कारण नई सरकार द्वारा चुनावी अनियमितताओं की जांच में नाकामी को बताया।

सेवाएं बहाल करने की मांग
फेसबुक के प्रवक्ता एंडी स्टोन ने सैन्य अधिकारियों से कनेक्टिविटी बहाल करने को कहा है। उन्होंने कहा, ऐसा इसलिए ताकि म्यांमार में लोग अपने परिवार और दोस्तों के साथ संवाद कर सकें और महत्वपूर्ण संपर्क का उपयोग कर सकें। बता दें कि लगभग आधे म्यांमार में 5.3 करोड़ लोगों द्वारा फेसबुक का इस्तेमाल किया जाता है और तख्तापलट के विरोध में यह एक प्रमुख मंच के रूप में उभरा है।

तख्तापलट नाकाम करने के लिए विश्व समुदाय को करेंगे एकजुट
संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरस ने म्यांमार में सैन्य तख्तापलट को नाकाम करने को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि वे म्यांमार में सैन्य तख्तापलट को विफल करने के लिए वैश्विक बिरादरी को एकजुट करने के लिए सब कुछ करेंगे। उन्होंने इस संबंध में पर्याप्त दबाव बनाने का संकल्प लेते हुए कहा, यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि सुरक्षा परिषद संकट से निपटने के लिए अभी तक एकजुट नहीं है। उन्होंने कहा, सू की के खिलाफ लगाए गए आरोप न सिर्फ म्यांमार में कानून का शासन कमजोर करते हैं बल्कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया को जटिल भी बनाते हैं। गुटेरस ने कहा, देश में नवंबर चुनाव के बाद लोगों की इच्छा को जिस तरह से पलटा गया है वह एकदम अस्वीकार्य है। हालांकि सुरक्षा परिषद ने अभी भी म्यांमार की स्थिति पर कोई बयान जारी नहीं किया है।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें