फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Indonesia: भारत के विमानवाहक पोत निर्माण विशेषज्ञता पर इंडोनेशिया की नजर, ब्रह्मोस मिसाइल सौदे पर बातचीत जारी

Sun, 26 Jan 2025 11:14 PM IST
पवन पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

भारत दुनिया के उन कुछ देशों में से एक है, जो स्वदेशी रूप से विमानवाहक पोत बनाने की क्षमता रखता है। वहीं भारत और इंडोनेशिया ने ब्रह्मोस सुपरसोनिक मिसाइल सिस्टम के लिए बातचीत करने पर सहमति जताई है।
विज्ञापन
ब्रह्मोस सुपरसोनिक मिसाइल प्रणाली - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

भारत और इंडोनेशिया ने ब्रह्मोस सुपरसोनिक मिसाइल सिस्टम के लिए बातचीत करने पर सहमति जताई है, वहीं जकार्ता के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी भारत की विमानवाहक पोत निर्माण क्षमताओं में रुचि दिखाई है। बता दें कि, भारत दुनिया के उन कुछ देशों में से एक है, जो स्वदेशी रूप से विमानवाहक पोत बनाने की क्षमता रखते हैं। रक्षा सूत्रों ने एएनआई को बताया कि हाल ही में भारतीय पक्ष के साथ हुई बैठकों के दौरान जकार्ता के वरिष्ठ अधिकारियों ने विमानवाहक पोत निर्माण पर सहयोग में रुचि व्यक्त की। उन्होंने कहा कि भारतीय अधिकारी जहाज निर्माण के क्षेत्र में जकार्ता के साथ सहयोग बढ़ाने पर भी काम कर रहे हैं।
विज्ञापन


जल्द ही भारत का दौरा कर सकती है इंडोनेशियाई टीम
भारत और इंडोनेशिया ने ब्रह्मोस सुपरसोनिक मिसाइल सौदे पर बातचीत शुरू करने पर सहमति जताई है, जिसके लिए इंडोनेशियाई टीमों के जल्द ही भारत आने की उम्मीद है। सूत्रों ने कहा कि इंडोनेशिया के साथ मिसाइल सौदे के लिए एक महत्वपूर्ण आवश्यकता रूस से मंजूरी लेना होगी।

भारत ने फिलीपींस को बेचे हैं ब्रह्मोस मिसाइल
भारत ने फिलीपींस को ब्रह्मोस मिसाइल सफलतापूर्वक बेची है, जिसने कुछ साल पहले 335 मिलियन अमेरिकी डॉलर से अधिक का ऑर्डर दिया था। मिसाइल की डिलीवरी पहले ही हो चुकी है, और जल्द ही और डिलीवरी की उम्मीद है। वियतनाम, मलयेशिया, इंडोनेशिया और मध्य पूर्व के कई देशों समेत कई देशों ने भारत-रूस संयुक्त उद्यम मिसाइल प्रणाली में रुचि दिखाई है, जिसमें रूस के कई घटक शामिल हैं।
विज्ञापन


भारत की राजकीय यात्रा पर रहे प्रबोवो सुबियांतो
विशेष रूप से, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर, इंडोनेशिया के राष्ट्रपति, प्रबोवो सुबियांतो ने 23-26 जनवरी तक भारत की राजकीय यात्रा की। उन्होंने मुख्य अतिथि के रूप में भारत के 76वें गणतंत्र दिवस के समारोह में भी भाग लिया। उनके साथ एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल भी था, जिसमें कई मंत्री, वरिष्ठ इंडोनेशियाई सरकारी अधिकारी और एक व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल शामिल था।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें