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USA: अमेरिका में भारत के राजदूत संधू को मिला सिख हीरो अवॉर्ड, खालसा चिह्न को लेकर खालिस्तानियों को लगाई फटकार

Tue, 11 Apr 2023 06:44 PM IST
जलज मिश्रा वर्ल्ड न्यूज, अमर उजाला

सार

संधू ने कहा कि अमेरिका, इंग्लैंड, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया में खालिस्तानी समर्थकों के हाथों में खालसा झंडा देख उन्होंने कहा कि खालसा झंडा, तख्त (स्वर्ण मंदिर) और निशान साहिब में फहराता है, वह शांति, एकता और प्रेम का ध्वज है, इसका अपमान न करें।
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तरनजीत सिंह संधू - फोटो : Social Media
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विस्तार
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अमेरिका के एक निजी संगठन सिख्स ऑफ अमेरिका ने अमेरिकी भारतीय राजदूत तरनजीत सिंह संधू को सिख हीरो अवॉर्ड से सम्मानित किया है। खालिस्तानी समर्थकों के एक संगठन ने अमेरिका में स्थित भारतीय दूतावास में हिंसा भड़काई थी, जिसके बाद संधू को सम्मानित किया गया।

खालिस्तान समर्थकों के एक छोटे समूह द्वारा अमेरिका में भारतीय मिशनों में हिंसा के कुछ दिनों बाद अमेरिका में भारत के शीर्ष राजनयिक को यह पुरस्कार मिला। खालिस्तान समर्थकों ने हाल ही में भारत के दूतावास में हिंसा भड़काई और संधू को व्यक्तिगत रूप से निशाना बनाया। भारतीय दूतावास में हुए हमलों में तरनजीत सिंह संधू को निशाना बनाया था। संधू ने अवार्ड प्राप्त करते हुए अलगाववादियों और खालिस्तानी समर्थकों को कड़ा संदेश दिया।

संधू ने खालिस्तानी समर्थकों पर किया हमला

संधू ने खालिस्तानियों को चेतावनी देते हुए कहा कि अमेरिका, इंग्लैंड, कनाडा और ऑस्ट्रेलिया में खालिस्तानी समर्थकों के हाथों में खालसा झंडा देख उन्होंने कहा कि खालसा झंडा, तख्त (स्वर्ण मंदिर) और निशान साहिब में फहराता है, वह शांति, एकता और प्रेम का ध्वज है, इसका अपमान न करें। गुरू गोबिंद सिंह ने बैसाखी के दिन खालसा का चिन्ह बनाया था। खालसा जोड़ने वाली ताकत है, तोड़ने वाली नहीं। संधू ने प्रवासी सिखों को अपनी जड़ों से जुड़ने के लिए प्रोत्साहित करते हुए कहा कि पंजाब और पंजाब के युवाओं को भारत में हो रही आर्थिक, वित्तीय, तकनीकी और डिजिटल क्रांति से जुड़ने की जरूरत है। प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति बाइडेन इस ओर लगातार काम कर रहे हैं।

राजदूत को भी धमकाया

रैली के दौरान एक प्रदर्शनकारी ने भाषण के दौरान में राजदूत को धमकी दी कि पाखंड का अंत हो जाएगा। राजदूत का वही हश्र हो सकता है जो भारत के पूर्व राष्ट्रपति जैल सिंह ने 1994 में सामना किया था। प्रदर्शनकारियों ने अस्पष्ट दावा किया कि भारत सरकार देश में सभी समुदायों के नागरिकों को मार रही है। खालिस्तान जिंदाबाद के नारों के साथ भारतीय दूतावास को धमकी दी, "यह पाखंड अब समाप्त हो गया। एक दिन आएगा जब आपकी कारों की खिड़कियां टूट जाएंगी और आपके पास भाग जाने के लिए कोई जगह नहीं होगी। भारतीय दूतावास के बाहर सैकड़ों खालिस्तान समर्थक जमा थे।

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