हांगकांग के एक हजार से अधिक स्कूल शिक्षकों ने शनिवार को सरकार विरोधी प्रदर्शनों का एलान किया है जो एक सप्ताह तक चलेंगे। हालांकि कुछ प्रदर्शनकारियों को डर था कि पुलिस उनके खिलाफ सड़कों पर कठिन रणनीति अपना सकती हैं। शिक्षकों ने गत सप्ताह भी पुलिस के प्रति आक्रोश दिखाया था।
एक स्थानीय माध्यमिक विद्यालय में संगीत शिक्षिका यू ने कहा कि वह छात्रों के विरोध का समर्थन करती है। हालांकि वह फिर भी उनके द्वारा उठाए गए सभी कार्यों से सहमत नहीं थी। उन्होंने कहा कि मैं उनके साहस की सराहना करती हूं और हांगकांग के बारे में परवाह करती हूं।
मंगलवार को, प्रदर्शनकारियों ने यात्रियों को शहर के हवाई अड्डे पर विमान में चढ़ने से रोका और बाद में दो लोगों पर चीनी जासूस होने का आरोप लगाते हुए उन पर हमला किया। कुछ हिंसक प्रदर्शनकारियों ने स्टैच्यूली प्रो-बीजिंग फेडरेशन ऑफ ट्रेड यूनियन्स के स्थानीय कार्यालयों को निशाना बनाते हुए उस पर अंडे और बजरी फेंकें।
25 वर्षीय मार्स नामक एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि ‘सरकार ने अभी तक एक भी मांग का जवाब नहीं दिया है और लोगों की आवाज को दबाने के लिए पुलिस से डराने का प्रयास कर रही है।’ उन्होंने कहा कि ‘अगर हम बाहर नहीं आए तो हमारा भविष्य, हमारी अगली पीढ़ी और भी अधिक दमन का सामना करेगी।’
10 हफ्तों के प्रदर्शनों ने अंतरराष्ट्रीय वित्त केंद्र को संकट में डाल दिया है। कम्युनिस्ट शासित चीन ने तेजी से कठोर रवैया अपनाते हुए अधिक हिंसक प्रदर्शनकारियों की गतिविधियों को ‘आतंकवादी जैसा’ करार दिया है।