फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स

गूगल ने कसा शिकंजा: यू-ट्यूब पर आपका कंटेंट अमेरिकी देखते हैं तो देना होगा टैक्स

अमर उजाला रिसर्च टीम, वाशिंगटन। Published by: देव कश्यप Updated Thu, 11 Mar 2021 06:58 AM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
यू-ट्यूब कंटेंट से कमाई करने वालों पर शिकंजा - फोटो : twitter

दुनिया की दिग्गज टेक कंपनी गूगल ने अब यू-ट्यूब कंटेंट से कमाई करने वालों पर भी शिकंजा कस दिया है। गूगल ने घोषणा की है कि वो भारत समेत दुनिया के अन्य देशों में यू-ट्यूब कंटेंट बनाने वालों से जून से हर महीने 24 से 30 फीसदी टैक्स की वसूली करेगा। टैक्स यू-ट्यूब सामग्री को अमेरिकी लोगों द्वारा देखने से होने वाली आय पर लगेगा।



गूगल ने ई-मेल में चेतावनी देते हुए कहा, 31 मई 2021 तक यू-ट्यूब क्रिएटर्स अपनी टैक्स संबंधी जानकारी नहीं देते हैं तो कंटेंट से होने वाली कुल आय में से 24 फीसदी टैक्स के रूप में कटेगा। नए नियम के अनुसार यू-ट्यूब से कमाई करने वालों से टैक्स की रकम हर महीने कटेगी।


यू-ट्यूब कंटेंट क्रिएटर्स की आय से टैक्स की कटौती कुछ कारकों पर निर्भर होगी। अमेरिका से बाहरी क्रिएटर्स टैक्स संबंधी अपनी सूचना देते हैं तो अमेरिकी लोगों द्वारा देखे जाने वाले कंटेंट पर 0 से 30 फीसदी की दर से टैक्स लग सकता है। ऐसे में आप ऐसा कंटेंट तैयार करते हैं जिसको देखने वाले सबसे ज्यादा लोग अमेरिका में हैं तो टैक्स कटौती के लिए तैयार हो जाइए। अमेरिकी सरकार और संबंधित यू-ट्यूबर के देश की सरकार के बीच अगर टैक्स राहत से संबंधित कोई संधि है तो इसका भी लाभ मिलेगा और कम टैक्स देना होगा।


यू-ट्यूब पर गूगल के टैक्स गणित को समझें

  • अगर आपने टैक्स संबंधी सूचना साझा नहीं की: दुनियाभर से महीने भर में  होने वाली आय पर 24 फीसदी टैक्स।
  • टैक्स संबंधी कागजात सौंपे, टैक्स संधि लाभ के योग्य तो: अमेरिकी दर्शकों से होने वाली आय से हर महीने 15 फीसदी टैक्स।
  • टैक्स सूचना दी पर टैक्स संधि लाभ के योग्य नहीं: अमेरिकी दर्शकों से होने वाली कुल आय से हर महीने 30 फीसदी का कर देना होगा।


मेल के जरिए यू-ट्यूबर्स को दी सूचना

गूगल ने सभी यू-ट्यूबर्स को ई-मेल के जरिये बताया है कि वो अमेरिका से बाहरी लोगों को यू-ट्यूब पर कंटेंट से होने वाली आय में से अमेरिकी टैक्स का भुगतान करना होगा। अमेरिका में गूगल यू-ट्यूब से कमाई करने वालों से टैक्स की वसूली पहले से करता रहा है। गूगल ने स्पष्ट कहा है कि अगले कुछ हफ्तों में एडसेंस से जुड़े टैक्स की जानकारी को हमसें साझा करें जिससे कर की सही राशि का मूल्यांकन हो सके और उसे काटा जा सके।


उदाहरण देकर समझाया

गूगल ने उदाहरण देते हुए समझाया, अगर भारत में कोई कंटेंट क्रियेटर यू-ट्यूब से हर महीने कुल एक हजार डॉलर (72,830) रुपये कमाता है। इसमें से 100 डॉलर (7283) रुपये की कमाई अमेरिकी दर्शकों की बदौलत करता है तो उसे इस राशि पर टैक्स देना होगा।


...तो टैक्स नहीं

गूगल के अनुसार आपकी आय अमेरिका को छोड़ दूसरे देशों के दर्शकों की बदौलत हो रही है तो आपको टैक्स देने की जरूरत नहीं होगी, हालांकि टैक्स से जुड़े कागजात देने होंगे। टैक्स संबंधी सूचना नहीं दी तो आय में से 24 फीसदी रकम टैक्स के रूप में कट जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next