फ्रांस के राष्ट्रपति एमैनुएल मैक्रों ने फ्रांस में अशांति के कारण रविवार से शुरू होने वाली जर्मनी की अपनी राजकीय यात्रा स्थगित कर दी है। यह घोषणा ऐसे समय में की गई है जब फ्रांस में दंगे की चौथी रात के दौरान 1,300 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
मैक्रों ने जर्मन राष्ट्रपति से फोन पर बात कर स्थिति से कराया अवगत
नाहेल एम के परिवार और दोस्त शनिवार को पेरिस के उपनगर में किशोर के अंतिम संस्कार के लिए एकत्र हुए जहां उसकी मौत हुई थी। जर्मन राष्ट्रपति के एक प्रवक्ता ने बताया कि मैक्रों ने शनिवार को जर्मनी के राष्ट्रपति फ्रैंक वाल्टर स्टीनमीयर से फोन पर बात की और उन्हें स्थिति से अवगत कराया। प्रवक्ता ने कहा, ''राष्ट्रपति मैक्रों ने कहा है कि जर्मनी की प्रस्तावित राजकीय यात्रा स्थगित कर दी जाए।"
फ्रांस में हिंसा क्यों हो रही है?
दरअसल, राजधानी पेरिस के उपनगर नानतेरे में मंगलवार को ट्रैफिक नियम तोड़ने के आरोप में ट्रैफिक पुलिसकर्मी ने एक किशोर नाइल को गोली मार दी। इससे उसकी मौत हो गई। नाइल को पॉइंट ब्लैंक रेंज से छाती में गोली मारी गई। पहले पुलिस ने दावा किया कि किशोर ने पुलिसकर्मियों पर गाड़ी चढ़ाने की कोशिश की, जिस पर पुलिस ने गोली चलाई। हालांकि, घटना का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस का दावा गलत निकला।
अब तक 1,311 लोगों को गिरफ्तार किया गया
नाइल की हत्या के बाद प्रदर्शनकारी सड़क पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों के हाथों में 'पुलिस की हत्या' लिखी तख्तियां थी। प्रदर्शनकारी नाइल की मौत के लिए देश में नस्लीय पूर्वाग्रह को जिम्मेदार मान रहे हैं। यही कारण है कि देश में विरोध भड़क गया और सैकड़ों सरकारी इमारतें क्षतिग्रस्त हो गई। फ्रांसीसी सरकार का कहना है कि किशोर की हत्या के बाद चौथी रात हुए दंगों में 1,311 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और 200 से अधिक पुलिस अधिकारी घायल हुए हैं।