पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) ने पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की जेल से रिहाई की मांग को लेकर अनौपचारिक रूप से एक आंदोलन शुरू किया है। इसे 'इमरान खान को आजाद करो' (फ्री इमरान खान मूवमेंट) दिया गया है। पार्टी ने रविवार को बताया कि पुलिस ने प्रदर्शन में शामिल हो रहे कई कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया है। पार्टी ने पांच अगस्त तक आंदोलन करने की घोषणा की है।
अगस्त 2023 से जेल में बंद हैं इमरान खान
खैबर पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री और पीटीआई नेता अली अमीन गांडापुर शनिवार देर रात पार्टी के अन्य नेताओं के साथ लाहौर पहुंचे और उन्होंने इमरान खान को रिहा कराने के लिए आंदोलन शुरू करने की घोषणा की। क्रिकेटर से राजनेता बने इमरान खान (72 वर्षीय) अगस्त 2023 से जेल में हैं, जहां उन पर कई मामलों में मुकदमे चल रहे हैं।
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पांच अगस्त तक आंदोलन की योजना
पीटीआई पांच अगस्त तक देशभर में एक बड़े आंदोलन करने की तैयारी कर रही है, ताकि शहबाज शरीफ के नेतृत्व वाली सरकार और सेना पर इमरान खान को रिहा करने का दबाव बनाया जा सके। गंडापुर और पार्टी के प्रमुख नेता लाहौल के रायवंड इलाके में एक फार्म हाउस में ठहरे हैं और अपने प्रदर्शन की योजना को अंतिम रूप दे रहे हैं। यह फार्म हाउस शरीफ परिवार के आवास के पास ही है।
पीटीआई के 20 कार्यकर्ता गिरफ्तार
इस बीच, खबर है कि पुलिस ने लाहौर में विभिन्न जगहों पर अपने नेताओं का स्वागत करने आए 20 पीटीआई कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया है। पीटीआई के एक प्रवक्ता ने कहा कि पंजाब पुलिस ने उनके कई कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने कहा, पिछले कुछ दिनों से पुलिस पंजाब खासकर लाहौर में पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं के घरों पर छापेमारी कर रही है, ताकि उन्हें प्रदर्शन में शामिल होने से रोका जा सके। हालांकि, पंजाब पुलिस के प्रवक्ता ने किसी भी कार्यकर्ता की गिरफ्तारी से इनकार किया है।
लाहौर से सफल होता है कोई भी आंदोलन: गंडापुर
हालांकि, पुलिस सूत्रो ने प्रेस ट्रस्ट ऑफ इंडिया को बताया कि लाहौर और अन्य जगहों पर 20 कार्यकर्ता गिरफ्तार किए गए हैं। लाहौर में पार्टी नेताओं से बात करते हुए गंडापुर ने कहा, लाहौर से शुरू हुआ कोई भी आंदोलन कामयाब होता है और यह आंदोलन भी देशभर में सफल होगा। उन्होंने पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं से कहा कि वे पांच अगस्त तक आंदोलन को चरम पर ले जाएं।
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'सेना को नहीं मार्शल लॉ लगाने का पछतावा'
उन्होंने कहा, सेना कई दशकों से पाकिस्तान पर शासन कर रही है और कई बार मार्शल लॉ लगा चुकी है, जिससे देश को नुकसान हुआ है। इस बार सेना ने एक नई तरह का मार्शल लॉ लगाया है, जिसकी आधिकारिक तौर पर घोषणा नहीं की गई है, लेकिन हर तरह की ताकत औ दबाव की नीति चल रही है। उन्होंने इससे देश को तबाह हुआ है, लेकिन दोषियों को अब भी पछतावा नहीं है। गंडापुर ने कहा, पीटीआई के नेता और कार्यकर्ता हजारों प्राथमिकियों (एफआईआर) का सामना कर रहे हैं। पार्टी इमरान खान, उनकी पत्नी और अन्य नेताओं की रिहाई के लिए फिर बड़ा आंदोलन करने को तैयार है।
दमन कर रही पंजाब सरकार: गौहर अली खान
वहीं, पीटीआई के अंतरिम अध्यक्ष गौहर अली खान ने कहा कि पंजाब सरकार बीते दो वर्षों से उनकी पार्टी के लोगों का दमन कर रही है। उम्मीद है कि उन्हें समझ आएगी और मरियम नवाज (पंजाब प्रांत की मुख्यमंत्री) सरकार सही फैसले लेगी। वहीं, पंजाब की सूचना मंत्री अज्मा बुखारी ने कहा कि गंडापुर और उनकी पार्टी अराजकता के समर्थक हैं। उन्होंने दावा किया कि गंडापुर का प्रांत खुद जल रहा है और वह पंजाब पर कब्जा करने लाहौर आए हैं। बेहतर होगा कि गंडापुर खैबर पख्तूनख्वा वापस जाएं और अपने प्रांत के लिए लोगों के कल्याण के लिए काम करें।