अमेरिकी सेना ने आतंकी संगठन आईएसआईएस के सरगना अबु अल-बकर बगदादी को मार दिया है। इसकी पुष्टि खुद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने की। रिपोर्ट्स की मानें तो अब इस आतंकी संगठन की कमान सद्दाम हुसैन की सैना के पूर्व अधिकारी अब्दुल्ला कार्दश को सौंपी गई है। कार्दश इराक की जेल में बगदादी के साथ बंद था। इसके बाद वह आईएस का मुख्य नीति-निर्माता बन गया।
बगदादी का जन्म 1971 में इराक के सामरा में गरीब सुन्नी परिवार में हुआ था। उसका असली नाम इब्राहिम अल-ऊद अल-बदरी था, लेकिन दुनिया में उसने अबू बकर अल बगदादी के नाम से खौफ कायम किया था। बगदादी का परिवार पैगंबर मोहम्मद का वंशज होने का दावा करता है। उनका कहना है कि वे पैगंबर मोहम्मद के कबीले से ताल्लुक रखते हैं।
बगदादी ने 1996 में यूनिवर्सिटी ऑफ बगदाद से इस्लामिक स्टडीज में स्नातक की डिग्री पाई। इसके बाद 1999 से 2007 से के बीच कुरान पर इराक की सद्दाम यूनिवर्सिटी फॉर इस्लामिक स्टडीज से मास्टर और पीएचडी की डिग्री हासिल की। बगदादी को फुटबाल खेलने का बहुत शौक था। वह बगदाद के एक स्थानीय क्लब का स्टार फुटबॉलर भी था। वह 2004 तक बगदाद में अपने परिवार के साथ रहा।
जब 2003 में अमेरिका ने सद्दाम को सत्ता से हटाने के लिए इराक पर हमला किया तब बगदादी ने जैश अह्ल अल-सुन्नाह वा अल-जमाह नाम के आतंकी गुट के गठन में सक्रिय भूमिका निभाई।