यूरोपीय ऊर्जा आयुक्त कादरी सिम्सन पहली बार दो दिवसीय दौरे पर भारत आएंगी। अपनी पहली भारत यात्रा के दौरान वे दो तरफा ऊर्जा सहयोग को बढ़ावा देने के मुद्दों और उपायों पर चर्चा करेंगी। यूरोपीय संघ ने उनकी इस यात्रा के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि वे सात से आठ सितंबर तक भारत में रहेंगी। उन्होंने आगे कहा कि सिम्सन की दिल्ली यात्रा ऊर्जा के क्षेत्र में भारत के साथ संघ के मजबूत जुड़ाव का संकेत देती है।
ईयू-इंडिया ग्रीन हाइड्रोजन फोरम का होगा उद्घाटन
सिम्सन ने कहा कि मैं इंडोनेशिया में जी20 ऊर्जा मंत्रियों की बैठक के तुरंत बाद होने वाली अपनी यात्रा के लिए उत्सुक हूं। अपनी यात्रा के दौरान यूरोपीय ऊर्जा आयुक्त कादरी सिम्सन केंद्रीय ऊर्जा मंत्री आरके सिंह के साथ 8 सितंबर को पहले ईयू-इंडिया ग्रीन हाइड्रोजन फोरम का उद्घाटन करेंगी। ये फोरम ऊर्जा प्रणालियों में हाइड्रोजन की भूमिका पर सर्वोत्तम कार्य प्रणाली और नीतियों के आदान-प्रदान पर ध्यान केंद्रित करेगा। इसके अलावा यूरोपीय संघ और भारत में मौजूदा और आगामी हाइड्रोजन परियोजनाओं की स्थिति पर चर्चा करेगा।
इन मुद्दों पर होगी चर्चा
यूरोपीय ऊर्जा आयुक्त कादरी सिम्सन यात्रा पर भारत सरकार के उर्जामंत्री, अंतर्राष्ट्रीय सौर गठबंधन के अधिकारियों और अन्य प्रमुख हितधारकों के साथ द्विपक्षीय बैठकें करेंगी। यूरोपीय संघ ने बताया कि ये बैठकें हरित हाइड्रोजन, ऊर्जा दक्षता, नवीकरणीय ऊर्जा, अपतटीय वायु, ग्रिड एकीकरण, स्मार्ट ग्रिड, बिजली बाजार डिजाइन आदि के क्षेत्र में ग्रीन एनर्जी मिश्रण के लिए यूरोपीय संघ-भारत सहयोग को आगे बढ़ाने पर केंद्रित होगी।
ऊर्जा संकट और जलवायु परिवर्तन की चुनौती का सामना कर रही दुनिया
यूरोपीय उर्जा आयुक्त सिम्सन ने कहा कि दुनिया इस समय ऊर्जा संकट और जलवायु परिवर्तन की चुनौती का सामना कर रही है। इस लड़ाई में भारत अपने विशाल और नवाचारों पर आधारित संसाधनों के साथ स्वच्छ ऊर्जा प्रसार में रणनीतिक भूमिका निभा रहा है।
गौरतलब है कि जलवायु परिवर्तन और जैव विविधता के नुकसान के खिलाफ लड़ाई में 27 देशों का समूह यूरोपीय संघ और भारत के बीच मजबूत सहयोग है। यूरोपीय संघ और भारत ने 2016 में एक 'स्वच्छ ऊर्जा और जलवायु साझेदारी' की स्थापना की थी। इस साझेदारी के तहत स्वच्छ ऊर्जा के प्रसार, अक्षय ऊर्जा की तैनाती में तेजी लाने, ऊर्जा दक्षता को बढ़ावा देने, स्मार्ट ग्रिड और भंडारण प्रौद्योगिकी पर सहयोग करने और बिजली बाजार के आधुनिकीकरण पर मिलकर काम कर रहे हैं।