यूरोप में बढ़ते खसरे के मामलों को देखते हुए WHO ने प्रेस रिलीज के जरिये चेतावनी दी है और इस रोग के खिलाफ जागरूक रवैया अपनाने को कहा है। WHO के मुताबिक पिछले साल यूरोप में खसरे से 35 लोगों की मौत हुई थी। यह मामला इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि 22 जून को इटली में एक 6 साल की बच्ची की खसरे से मौत हो गयी थी। डॉक्टर के मुताबिक बच्ची को खसरे का टीका नहीं लगाया गया था, इसलिए उसकी मौत हुई। आपको बता दें कि जून 2016 के बाद से इटली में खसरे के 3300 से ज्यादा मामले सामने आये थे।
खसरा वायरस से फैलने वाला संक्रामक रोग है। यह लोगों के छूने और संक्रमित हवा से फैलता है। तेज बुखार, खांसी, नाक बहना और आंखों से पानी आना इसके आम लक्षण हैं। खसरा एक गंभीर बीमारी है जिससे निमोनिया या इन्सेफेलाइटिस जैसे गंभीर रोग हो सकते हैं। यूरोप सेंटर फॉर डिसीज प्रिवेंसन एण्ड कन्ट्रोल ने बताया कि यूरोप में साल 2016 की तुलना में 2017 के पहले पांच महीनों में खसरे के मामलों में 50% वृद्धि हुई है। वहीं इटली में जनवरी 2017 से अब तक खसरे के 3232 मामले सामने आये हैं। जबकि पिछले साल ये संख्या 478 थी।