भगौड़े शराब कारोबारी विजय माल्या ने कहा है कि वह भारतीय बैंकों को उनका सौ फीसदी पैसा लौटाने को तैयार है। भारतीय बैंकों का अरबों रुपये लेकर ब्रिटेन भागे माल्या का ये बयान क्रिश्चियन मिशेल के प्रत्यर्पण के चंद घंटे बाद ही आया है। माल्या के प्रत्यर्पण पर फैसला चार दिन बाद आने वाला है। किंगफिशर एयरलाइंस के पूर्व प्रमुख ने बुधवार को सोशल मीडिया के जरिये भारत सरकार से इस पेशकश को स्वीकार करने का निवेदन किया। वह अभी ब्रिटेन में जमानत पर बाहर है।
बताते चलें कि भारत का करीब 9000 करोड़ रुपये लेकर देश से भागे 62 वर्षीय माल्या के प्रत्यर्पण पर 10 दिसंबर को ब्रिटिश कोर्ट द्वारा फैसला सुनाया जाना है। हालांकि कारोबारी ने कहा कि प्रत्यर्पण की कार्यवाही का मामला अलग है। माल्या प्रत्यर्पण को लेकर ब्रिटेन में कानूनी लड़ाई लड़ रहा है।
कारोबारी का कहना है कि नेताओं और मीडिया ने उसे गलत तरीके से ‘डिफॉल्टर’ के रूप में पेश किया है। कारोबारी ने अपने ट्वीट में कहा, ‘मैंने देखा है कि मेरे प्रत्यर्पण के फैसले को लेकर मीडिया में कई तरह की चर्चा चल रही है। यह अलग मामला है और इसमें कानून अपना काम करेगा। मैं जनता का 100 फीसदी धन वापस करने की पेशकश कर रहा हूं। बैंक और सरकार इस प्रस्ताव को स्वीकार करें।’ माल्या मार्च 2016 में देश छोड़कर ब्रिटेन चला गया था।
2016 से बकाया राशि के निपटान की पेशकश
विजय माल्या ने बुधवार को एक के बाद एक ट्वीट कर दावा किया कि वह 2016 से ही बैंकों की बकाया राशि चुकाने की पेशकश कर रहा था। उसने कहा कि विमान ईंधन (एटीएफ) की कीमतों में वृद्धि के कारण किंगफिशर एयरलाइंस का घाटा बढ़ता गया और बैंकों का पैसा इसी में जाता रहा।