ब्रिटेन में कार्यरत भारतीय नर्सों को वहां से जाने के लिए मजबूर किया जा सकता है। ब्रिटेन के नेशनल हेल्थ सर्विस (एनएचएस) के तहत भारत समेत गैर यूरोपीय देशों की 30 हजार नर्सें कार्यरत हैं, जिन्हें नए आव्रजन नियमों के तहत ब्रिटेन छोड़ने के लिए मजबूर किया जा सकता है। ब्रिटेन में फिलीपींस के बाद सबसे ज्यादा भारतीय नर्सें कार्यरत हैं।
ब्रिटेन के रॉयल कॉलेज ऑफ नर्सिंग (आरसीएन) ने चेताया है कि प्रतिवर्ष 35 हजार पाउंड कमाने की शर्त से 30 हजार से अधिक गैर यूरोपीय देशों के नर्सिंग स्टाफ को झटका लग सकता है। इनकी आय 21 से 28 हजार सालाना हैं। ब्रिटेन में एनएचएस के तहत 15 हजार से अधिक भारतीय नर्सें कार्यरत हैं।