पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए फ्रांस ने भारत और रूस समेत आठ देशों के नागरिकों को महज 48 घंटे के भीतर वीजा देने की घोषणा की है। फ्रांसीसी प्रधानमंत्री एडुआर्ड फिलिप ने ऐलान करते हुए कहा कि 1 नवंबर से यह सुविधा देने के लिए देश के हवाई अड्डों पर अधिक कर्मचारियों की नियुक्ति की जाएगी और पासपोर्ट की जांच में लगने वाले समय को भी घटाया जाएगा।
चूंकि फ्रांस में आतंकी हमलों के बाद से विदेशी सैलानियों की संख्या काफी घटी है इसलिए फ्रांस ने पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए यह घोषणा की है। इसके लिए भारत, रूस, थाइलैंड, फिलीपींस, कंबोडिया, लाओस, म्यांमार और इंडोनेशिया को 48 घंटे में वीजा देने की सुविधा दी जा रही है। फिलहाल फ्रांसीसी वीजा के लिए कम से कम 10 दिन का इंतजार करना पड़ता है।
प्रधानमंत्री फिलिप ने कहा कि यूरोपीय संघ के नागरिकों को पासपोर्ट जांच में 30 मिनट से अधिक का इंतजार नहीं करना पड़ेगा, जबकि भारत जैसे देशों के नागरिकों को इसके लिए अब महज 45 मिनट का इंतजार ही करना पड़ेगा। फ्रांस ने 2020 तक 10 करोड़ सैलानियों को अपने देश में बुलाने का लक्ष्य रखा है।
फ्रांस की जीडीपी में पर्यटन का हिस्सा 7 फीसदी से अधिक है। करीब साढ़े छह करोड़ की आबादी वाला देश पर्यटन उद्योग में 20 लाख लोगों को रोजगार देता है। प्रधानमंत्री फिलिप ने कहा कि उनका इरादा अपने देश में रोजगार दर में बढ़ोतरी करना है और इसके लिए भारत व रूस जैसे देशों को यदि वीजा समस्या से राहत दी जाए तो इसका उसे काफी लाभ मिलेगा।