यूरोपीय मानवाधिकार अदालत ने फ्रांस में नक़ाब पहनने पर प्रतिबंध को बरकरार रखा है।
इस मामले में एक 24 वर्षीय फ़्रांसीसी महिला ने मुक़दमा दायर किया था। इस महिला का कहना था कि सार्वजनिक स्थलों पर नक़ाब पर प्रतिबंध उनकी धार्मिक और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का हनन है।
फ़्रांस के क़ानून के मुताबिक सार्वजनिक जगहों पर कोई भी ऐसी पोशाक नहीं पहन सकता जिससे चेहरा ढंकता हो। ऐसा करने पर 150 यूरो का जुर्माना है। ये क़ानून साल 2010 में लागू हुआ था।