ब्रिटेन में सोशल नेटवर्किंग साइट ट्विटर पर कई महिला पत्रकारों को बम से उड़ाने की धमकी मिली है। स्थानीय पुलिस मामले की जांच कर रही है।
ब्रितानी अखबार 'गार्डियन' की स्तंभकार हैडली फ्रीमैन, 'इंडिपेन्डेंट' की स्तंभकार ग्रेस डेंट और 'टाइम' मैगजीन की कैथरीन मेयर ने कहा है कि उन्हें धमकियां मिली हैं।
इससे पहले ब्रिटेन की सांसद स्टेला क्रीसी और नारीवादी कार्यकर्ता कैरोलीन क्रीडो-पेरेस को बलात्कार की धमकी मिल चुकी है।
इस बीच ऑनलाइन अपशब्दों को रोकने के लिए ट्विटर पर शुरू की गई याचिका में एक लाख से अधिक लोग दस्तखत कर चुके हैं।
सोशल नेटवर्किंग पर गुमनाम खाताधारक ने ट्वीट किया कि पत्रकारों के घरों के बाहर बम रखे गए हैं, जो ब्रिटिश मानक समय के मुताबिक रात 10 बजकर 47 मिनट पर फटेंगे।
अभियान
डॉक्टरेट की छात्रा केट मौल्टबाई ने भी कहा है कि उन्हें तीन पत्रकारों को दी गई धमकियां मिली हैं। उन्होंने लिखा है कि, “यह एक अभियान की तरह लग रहा है।”
अमेरिका स्थित अभियान समूह एएआरपी में सोशल मीडिया प्रबंधक सारा लैंग ने कहा कि उन्हें भी बम की धमकी मिली है, लेकिन वॉशिंगटन डीसी में पुलिस ने पुष्टि की है कि उनका घर सुरक्षित है।
फ्रीमैन ने भी महानगर पुलिस को धमकी मिलने की बात बताई हैं। इससे पहले उनका “हाउ टू यूज दि इंटरनेट विदआउट बीइंग ए टोटल लूजर” नाम से कॉलम प्रकाशित होता रहा है।
उन्होंने लिखा है कि ट्वीट का अज्ञात लेखक “मेरे कॉलम में समझ नहीं सका।"
जांच जारी
पुलिस विभाग के प्रवक्ता ने कहा है कि धमकियों की जांच शुरू कर दी गई है और इस मामले में कुछ गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
इस अज्ञात खाते को निरस्त कर दिया गया है, लेकिन उसका संदेश सोशल मीडिया पर चारों तरफ फैल गया है।
मेयर बताती हैं कि धमकियां बहुत विश्वसनीय नहीं लगती हैं।
गार्डियन की रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस ने फ्रीमैन को सतर्क रहने और रात में घर में न रुकने की सलाह दी है।
इससे पहले एक अलग मामले में लेबर पार्टी की सांसद स्टेला क्रीसी और नारीवादी कार्यकर्ता कैरोलीन क्रीडो-पेरेस को ट्विटर पर बलात्कार की धमकी मिली थी।
फ्रीमैन ने कहा, “लोगों को बम और बलात्कार की धमकी देना गैरकानूनी है। हमें वास्तविक दुनिया की तरह ही ऑनलाइन के लिए भी कानूनों को लागू करना चाहिए।”