दुनिया भर में कोरोना महामारी के कारण मौत का आंकड़ा दो लाख को पार कर चुका है। विशेषज्ञों की चेतावनी के बावजूद कई देशों ने लॉकडाउन में ढील देना शुरू कर दिया है। हालांकि महामारी के प्रकोप को देखते हुए कई कारोबारों पर पाबंदी फिलहाल जारी रह सकती है।
दरअसल, विशेषज्ञों का कहना है कि यह ढील देने का उपयुक्त समय नहीं है। अमेरिका के जॉन हॉप्किंस यूनिवर्सिटी की गणना के अनुसार, कोविड-19 के कारण विश्व में 2,06,000 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। 29.7 लाख से ज्यादा संक्रमित है, जबकि 8.7 लाख से ज्यादा ठीक हो चुके हैं। हालांकि मृतकों की वास्तविक संख्या इससे कहीं ज्यादा हो सकती है। खतरा अभी टला नहीं है। इसके बावजूद कई देशों ने लॉकडाउन के नियमों में ढील दी है, जिनमें भारत भी शामिल है। लेकिन यह ढील हॉटस्पॉट व कन्टेंमेंट जोन में नहीं मिलेगी। श्रीलंका भी सोमवार से देशव्यापी लॉकडाउन में आंशिक ढील देनी शुरू होगी। वुहान में सभी बड़े कंस्ट्रक्शन प्रोजेक्ट फिर से शुरू हो गए हैं। अमेरिका के जॉर्जिया, ओकलाहोमा और अलास्का में पाबंदियों पर ढील शुरू हो गई है।
कई देशों में लॉकडाउन से राहत नहीं...
इटली और फ्रांस के बाद स्पेन में मई के शुरुआती दिनों तक ही ढील मिलेगी। इटली में 4 मई से उद्योग खुलेंगे, लेकिन स्कूल सितंबर में खुलेंगे। ब्रिटेन बदलाव के मूड में नहीं है। नॉर्वे ने सभी कार्यक्रमों पर एक सितंबर तक प्रतिबंध लगाया है।