फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोरोना वायरस: नेतन्याहू ने नरेंद्र मोदी को कहा धन्यवाद, पीएम बोले- भारत दोस्तों की मदद के लिए तैयार

Fri, 10 Apr 2020 11:26 AM IST
देव कश्यप पीटीआई, यरुशलम
विज्ञापन
PM Modi and Benjamin Netanyahu - फोटो : ANI
विज्ञापन

वैश्विक महामारी कोरोना वायरस से इस समय पूरी दुनिया जूझ रही है। इसी बीच भारत दुनिया के कई देशों का मददगार बनकर उभर रहा है। भारत में बनने वाली मलेरिया की दवा हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन कोरोना से लड़ने में कारगर मानी जा रही है। इसी को देखते हुए सभी देश इसकी मांग कर रहे हैं और भारत सभी की मदद कर रहा है।

विज्ञापन


पीएम मोदी ने हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन दवा अमेरिका, ब्राजील के बाद इस्राइल को भी दी है। कोरोना संकट के समय दवा भेजने के लिए इस्राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद कहा है। इससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और ब्राजील के राष्ट्रपति जेयर बोल्सोनारो ने भी पीएम मोदी का शुक्रिया किया था।


इस्राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने मलेरिया रोधी दवा हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन समेत पांच टन सामग्री भिजवाने के लिए पीएम मोदी का आभार जताया है। नेतन्याहू ने गुरुवार शाम को ट्वीट किया, ‘इस्राइल को क्लोरोक्वीन भेजने के लिए शुक्रिया, मेरे प्रिय मित्र नरेंद्र मोदी। इस्राइल के सभी नागरिक आपका धन्यवाद अदा करते हैं।’
विज्ञापन


गौरतलब है कि एक विमान कोरोना वायरस मरीजों के इलाज के लिए दवाइयां बनाने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री लेकर भारत से मंगलवार को इस्राइल पहुंचा था। पांच टन माल में क्लोरोक्वीन और हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन दवा बनाने की सामग्री भी शामिल है। इस दवा को अब दुनियाभर में कोविड-19 के मरीजों के संभावित इलाज विकल्प के तौर पर देखा जा रहा है।

इस्राइल में 10 हजार संक्रमित, 86 लोगों की मौत
इस जानलेवा संक्रामक रोग ने इस्राइल में करीब 10,000 लोगों को अपनी चपेट में ले लिया और 86 लोगों ने जान गंवा दी। 121 अन्य लोग गंभीर हालत में वेंटीलेटर्स पर हैं।नेतन्याहू ने मोदी से तीन अप्रैल को फोन पर बातचीत में हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन का निर्यात करने का अनुरोध किया था जिसके कुछ ही दिनों में भारत ने इस्राइल को इसकी आपूर्ति कर दी। भारत इस दवाई का दुनिया में सबसे बड़ा उत्पादक और निर्यातक है।





हालांकि, भारत को अपनी घरेलू जरूरतों को पूरा करने के लिए दवा का निर्यात सीमित करना पड़ा था। कोरोना वायरस फैलने के बाद से ही नेतन्याहू, मोदी के संपर्क में रहे हैं। उन्होंने 13 मार्च को विशेष अनुरोध कर भारतीय प्रधानमंत्री को इस्राइल को मास्क तथा दवाइयों के निर्यात को मंजूरी देने के लिए कहा था। इस्राइली नेता ने कोरोना वायरस संकट से निपटने के लिए विभिन्न कदमों पर चर्चा करने के लिए दूसरी बार तीन अप्रैल को मोदी से बात की।

गौरतलब है कि कई देश कोरोना वायरस के लक्षणों की इलाज के लिए हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन के साथ प्रयोग कर रहे हैं। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में भारत से इस दवा के निर्यात का अनुरोध किया था।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें