कोरोना के शहीदों को श्रद्धांजलि देने के बाद चीन अब इस काले अध्याय को खत्म करके नए सिरे से अपनी अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के कारगर रास्ते तलाशने में जुट गया है। विदेशी व्यापार और निवेश को फिर से मजबूती देने के लिए चीन ने 46 नए एकीकृत पायलट जोन बनाने का फैसला किया है जिससे सीमा पार से ई कॉमर्स को और बेहतर बनाया जा सके। वह अब ऑनलाइन बाजार और व्यापार को भी खासा प्रोत्साहन देने जा रहा है। चीन के प्रधानमंत्री ली क्विंग की अगुवाई में हुई स्टेट काउंसिल की बैठक में ये फैसला लिया गया है।
कोविड-19 की वजह से भयानक संकट के जो चार महीने गुजरे हैं और उससे चीन समेत तमाम देशों की आर्थिक हालत चरमरा गई है। बैठक में इन चार महीनों में अर्थव्यवस्था को हुए नुकसान और उसके दूरगामी प्रभावों पर भी चर्चा हुई और यह तय किया गया कि मौजूदा स्थिति में ई-कामर्स को और बढ़ाने से बेहतर कोई और विकल्प नहीं हो सकता। खासकर दुनिया के तमाम देश जब कोरोना के संकट की वजह से लॉकडाउन की स्थिति में हैं और जिसका असर वहां की अर्थव्यवस्था, व्यापार और निवेश में बुरी तरह दिखने लगा है, ऐसे में बाहर के देशों के साथ व्यापार और निवेश के लिए ई कॉमर्स के रास्ते आसान किए जाएं। इसके लिए जो नए इन्टिग्रेटेड पायलट जोन्स बनाए जाएंगे, उससे सीमा पार से होने वाले व्यापार को बढ़ाया जा सकेगा।