पहले से ही बदहाली से जूझ रहे पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था पर कोरोना महामारी ने बड़ी चोट की है। पैसे की कमी और मंदी से परेशान पाकिस्तान की आर्थिक स्थिति और खराब हो गई है। खबर के मुताबिक पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था में 2019-20 में 68 साल में पहली बार गिरावट आई है। बृहस्पतिवार को पेश आर्थिक समीक्षा में कहा गया कि इस दौरान पाकिस्तान के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में 0.38 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है।
वित्त मामलों के सलाहकार अब्दुल हफीज शेख ने आर्थिक समीक्षा जारी करते हुए कहा कि कोरोना महामारी के कारण अर्थव्यवस्था को बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है। इसने सरकार को मार्च में कई हफ्तों तक लॉकडाउन लागू करने के लिए मजबूर किया है। इस वायरस से पाकिस्तान में अब तक लगभग 1,20,000 लोग संक्रमित हो चुके हैं।
आर्थिक समीक्षा के अनुसार, महामारी से पहले ही आर्थिक नीतियों के कारण उद्योग जगत प्रभावित था। इसके साथ कोरोना वायरस के प्रतिकूल प्रभावों के कारण वित्त वर्ष 2019-20 में अर्थव्यवस्था में 0.38 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जिसकी वजह से पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था में 68 सालों में पहली बार इतनी गिरावट आई है।
इस दौरान डॉलर के हिसाब से प्रति व्यक्ति आय भी 6.1 प्रतिशत कम होकर 1,366 डालर पर आ गई। हालांकि यह रुपये के संदर्भ में बढ़कर 214,539 रुपये हो गई।