चीन और पाकिस्तान की गहरी दोस्ती किसी से छिपी नहीं है। चीन ने जब आतंकी मसूद अजहर को बचाया तो इस दोस्ती का सबूत भी दुनिया को मिल गया। चीन आर्थिक संकट से जूझ रहे पाकिस्तान में सीपीईसी (चीन पाकिस्तान आर्थिक गलियारे) का निर्माण कर रहा है। इस परियोजना के काम में भी चीनी नागरिक लगे हुए हैं। ऐसे में जाहिर है कि ये चीनी लोग पाकिस्तान में रह रहे हैं।
इसी बीच अब ऐसी कई खबरें आ रही हैं कि पाकिस्तान में रह रहे ये चीनी वहां की लड़कियों की तस्करी कर रहे हैं। इन लड़कियों से झूठी शादी कर इन्हें चीन ले जाया जाता है। और फिर वहां इन्हें देह व्यापार के धंधे में ढकेल दिया जाता है। केवल इतना ही नहीं शादी के बाद इन लड़कियों को चीनी भाषा का ज्ञान भी दिया जाता है। चीनी लड़के केवल मुस्लिम नहीं बल्कि ईसाई लड़कियों को भी निशाना बना रहे हैं।
इस मामले पर छपी मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि मानव तस्करी करने वाले चीनी नागरिक पाकिस्तान में अवैध मैचमेकिंग सेंटर चला रहे हैं। इन सेंटर के सहारे ये लोग गरीब परिवारों की लड़कियों की शादी चीनी लड़कों से कराते हैं। यहां तक कि शादी का सारा खर्च उठाने की बात भी करते हैं। इसके बाद झूठी शादी कर लड़कियों को चीन ले जाते हैं।