चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने कहा है कि अमेरिका चीन के साथ संबंधों को नए शीत युद्ध की ओर ले जा रहा है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच सदैव से सहयोग की भावना रही है और कोरोना संकट के दौरान भी ऐसा ही रहा, लेकिन अमेरिका की कुछ राजनीतिक ताकतों ने दोनों देशों के संबंधों को प्रभावित करने का प्रयास किया है। वांग ने इसे इतिहास के पहिए को घुमाने की एक खतरनाक कोशिश करार दिया। साथ ही उन्होंने कहा कि हम रूस के साथ मिलकर राजनीतिक वायरस का इलाज करेंगे।
'हमने की अमेरिका की मदद, मगर वहां राजनीतिक वायरस फैला'
उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस के शुरू होने के समय हमने मेडिकल सामान को लेकर एक-दूसरे की सहायता की थी। अकेले अमेरिका में 12 अरब से ज्यादा फेस मास्क भेजे गए हैं, लेकिन अफसोस इस बात का है कि अमेरिका में राजनीति का वायरस फैल रहा है। बता दें कि अमेरिका में कोरोना वायरस से मरने वाले लोगों की संख्या एक लाख पार करने वाली है। अभी तक वहां इससे 98 हजार 683 लोगों की मौत हो चुकी है।
'रूस और चीन मिल कर करेंगे इस 'राजनीतिक वायरस' का इलाज'
इसके साथ ही उन्होंने कहा, रूस और चीन ने कोविड-19 संकट में एक-दूसरे की सहायता की है। हम दोनों देशों ने इस राजनीतिक वायरस के खिलाफ एक अभेद्य किला तैयार किया है और अपने रणनीतिक तालमेल की शक्ति का प्रदर्शन भी किया है। उन्होंने कहा कि जब तक रूस और चीन मिलकर काम करते रहेंगे, हम दुनिया में शांति, न्याय और विविधता की रक्षा करते रहेंगे।
और मजबूत होकर उभरेगा चीन
चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने कहा कि कोविड 19 के बाद हमारी अर्थव्यवस्था और मजबूत होकर उभरेगी, हमारे नागरिक और एकजुट व आत्मविश्वास से भरे होंगे। कोविड 19 एक बार फिर लौट रहा है, ये मायने नहीं रखता कि किस देश में और कितनी ताकत से ये लौट रहा है, इसका मुकाबला करना होगा। किसी सुरक्षित जगह से इसे देखना और चुप बैठे रहना बुरे नतीजे देगा। दूसरों पर उंगली उठाने से हालात और बिगड़ेंगे।