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चीनी सेना ने कहा- चीन के शीर्ष जनरल की पाकिस्तान यात्रा बहुत सफल रही 

Fri, 30 Aug 2019 03:20 AM IST
Nilesh Kumar वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
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चीन-पाकिस्तान
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चीनी सेना ने गुरुवार को कहा कि उसके शीर्ष जनरल शु किलयांग ने इस हफ्ते पाकिस्तान की एक बहुत सफल यात्रा की। हालांकि, उन्होंने भारत-पाक के बीच चल रहे तनाव के दौरान की गई इस यात्रा के वक्त को तवज्जो नहीं देने की कोशिश की। उन्होंने यह भी कहा कि चीनी सेना की अंतरराष्ट्रीय सैन्य सहयोग योजना के तहत इसकी पहले से ही योजना थी।

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राष्ट्रपति शी चिनफिंग की अध्यक्षता वाले चीन के शक्तिशाली केंद्रीय सैन्य आयोग (सीएमसी) के उपाध्यक्ष, जनरल शु की यह यात्रा काफी मायने रखती है क्योंकि यह जम्मू कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्छेद 370 के ज्यादातर प्रावधानों को रद्द करने के नयी दिल्ली के फैसले को लेकर पाकिस्तान और भारत के बीच तनाव के मौजूदा दौर के दौरान हुई है।

सीएमसी चीन की 20 लाख की सेना की आलाकमान है। जनरल शु ने अपनी यात्रा के दौरान पाकिस्तान के थल सेना प्रमुख कमर जावेद बाजवा से वार्ता की और राष्ट्रपति आरिफ अल्वी तथा प्रधानमंत्री इमरान खान से मुलाकात की। 
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जनरल शु की पाकिस्तान यात्रा के महत्व और नतीजे के बारे में पूछे जाने पर चीनी रक्षा मंत्री के प्रवक्ता वरिष्ठ कर्नल रे गुओकियांग ने यहां मीडिया ब्रीफिंग में कहा कि उनकी यात्रा बहुत सफल रही। उन्होंने कहा कि चीन और पाकिस्तान रणनीतिक साझेदार हैं और सहोदर भाई हैं जो एक दूसरे की मदद करते हैं। 

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कश्मीर के हालात पर चर्चा का सीधे जिक्र नहीं 

उन्होंने कश्मीर के हालात पर चर्चा का सीधे जिक्र नहीं करते हुए कहा कि क्षेत्र में जटिल सुरक्षा स्थिति को देखते हुए चीन पाकिस्तान के साथ काम करने को इच्छुक है ताकि दोनों देशों (भारत और पाक) के नेतृत्व के बीच सहमति बनाई जा सके। उन्होंने जनरल की यात्रा के समय के महत्व को तवज्जो नहीं देते हुए कहा कि उनकी पाकस्तान की यात्रा चीन की 2019 की अंतराष्ट्रीय सैन्य सहयोग योजना में थी और इस कार्यक्रम पर पाक और चीन परस्पर सहमत हुए थे। 

गौरतलब है कि कश्मीर मुद्दे का अंतरराष्ट्रीयकरण करने की कोशिश कर रहा पाक अपनी कोशिशों के प्रति समर्थन पाने के लिए चीन से कहीं अधिक सक्रिय भूमिका निभाने का अनुरोध कर रहा है। अनुच्छेद 370 को हटाये जाने के भारत सरकार के पांच अगस्त के फैसले के बाद पाक विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने कश्मीर मुद्दे पर चर्चा के लिए बीजिंग का दौरा किया था। 

वहीं, पाक के कहने पर चीन ने कश्मीर मुद्दे पर 16 अगस्त को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की एक बैठक बुलाई थी। यह बैठक बंद कमरे में हुई थी। लेकिन यह बेनतीजा रही थी। बैठक में शामिल हुए 15 सदस्यीय सुरक्षा परिषद के ज्यादातर देशों ने कश्मीर मुद्दे का हल द्विपक्षीय तरीके से करने का विचार जाहिर किया था। 

इस बीच, पाकिस्तान से प्राप्त खबरों के मुताबिक पाक और चीन ने रक्षा सहयोग बढ़ाने और पाकिस्तान सेना की क्षमता को बढ़ाने के लिए एक सहमति पत्र (एमओयू) पर हस्ताक्षर किये थे। हालांकि, रे ने एमओयू पर हस्ताक्षर किये जाने का जिक्र नहीं किया। 
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