चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने बुधवार को पड़ोसी देशों को आश्वस्त किया कि चीन उनसे बातचीत के जरिए सभी विवादों को हल करने के लिए तैयार है लेकिन देश के सामरिक हितों की कीमत पर नहीं। सत्ताधारी कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ चाइना (सीपीसी) की मुख्य बैठक ‘कांग्रेस’ की शुरुआत करते हुए जिनपिंग ने कहा कि चीन अपने वैध हितों को नहीं छोड़ने वाला है।
64 वर्षीय शी शीर्ष नेता ने हफ्ते भर चलने वाली बैठक में 2,300 से अधिक प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए कहा कि हमारी पार्टी, हमारे लोगों, हमारी सेना और हमारे राष्ट्र ने अभूतपूर्व बदलाव किया है। चीन कभी दूसरों के हितों की कीमत पर अपने विकास को आगे नहीं बढ़ाएगा।
जिनपिंग ने अपने साढे़ तीन घंटे से अधिक के संबोधन में कहा कि किसी को भी ऐसी आशंका नहीं होनी चाहिए कि चीन वह सब कुछ निगल लेगा जो उसके हितों को कमजोर करता है।
जिनपिंग ने कहा कि हमें विवादों को बातचीत से सुलझाने की प्रतिबद्धता जतानी चाहिए। पारंपरिक एवं गैर पारंपरिक खतरों पर अपनी प्रतिक्रिया समन्वित करते हुए आतंकवाद के सभी रूपों का विरोध करना चाहिए। उन्होंने आश्वस्त किया कि चीन सौहार्द, ईमानदारी, पारस्परिक लाभ, साझेदारी और मित्रता बनाने की नीति के तहत पड़ोसियों के साथ अपने संबंधों को मजबूत बनाएगा।