चांद पर पहली बार जीवन की संभावनाओं को तलाशने के लिए चीन एक यान भेजने की तैयारी कर रहा है। इस साल के अंत तक चांग ई-4 लुनार यान के साथ वहां आलू, फूलों के पौधे के बीज और रेशमकीट के अंडाणु भेजेगा।
चीन का यह यान अपने साथ नीदरलैंड, स्वीडन, जर्मनी और सऊदी अरब के वैज्ञानिक पेलोड को भी ले जाएगा। ‘लूनार मिनी बॉयोस्फेयर’ की योजना 28 चीनी विश्वविद्यालयों ने तैयार की है। इसकी अगुवाई दक्षिण-पश्चिमी चीन का चांगकिंग विश्वविद्यालय कर रहा है।
जिस बेलनाकार टिन में चीन फूल, आलू और अन्य चीजें भेजने वाला है वह 18 सेमी लंबा है और उसका व्यास 16 सेमी है। यह टीन विशेष ऐल्यूमिनियम धातु से बना है। इस टिन में पानी, पोषक पदार्थ, हवा, एक छोटा सा कैमरा और डेटा ट्रांसमिशन सिस्टम भी होगा।
विशेषज्ञों को उम्मीद है कि ये बीज चांद पर विकसित होंगे और इस प्रक्रिया को कैमरे में कैद कर धरती पर ट्रांसमिट किया जा सकेगा। आपको बता दें कि अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र में पौधे पहले भी उगाए गए हैं, लेकिन चांद पर ऐसा करने की यह पहली कोशिश होगी।