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अमेरिकी संसद के आयोग की रिपोर्ट, उइगर मुसलमानों का नरसंहार कर रहा चीन

Sat, 16 Jan 2021 01:01 AM IST
Jeet Kumar एजेंसी, वाशिंगटन।
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चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग (फाइल फोटो) - फोटो : PTI
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अमेरिकी संसद के एक आयोग ने बृहस्पतिवार को जारी अपनी रिपोर्ट में कहा है कि चीन शिनजियांग में अल्पसंख्यक उइगर मुसलमानों की एक बड़ी आबादी का नरसंहार कर रहा है। आयोग ने पिछले वर्ष सामने आए साक्ष्यों को इस दावे का आधार बनाया है। चीन पर बने इस संसदीय आयोग में रिपब्लिकन और डेमोेक्रेट दोनों दलों के सदस्य शामिल हैं।

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रिपोर्ट में उइगर मुसलमानों पर चीन के अत्याचार को मानवता से अपराध बताया गया है। विशेषज्ञों के अनुसार, अमेरिका द्वारा नरसंहार के आरोप संयुक्त राष्ट्र संघ के स्थायी सदस्य चीन के लिए शर्मनाक हैं।

इससे पहले संयुक्त राष्ट्र संघ ने भी कहा था कि 10 लाख उइगर व अन्य मुसलमानों को चीन ने शिनजियांग में बंधक बना रखा है। अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति जो बाइडन के लिए चीन से रिश्ते तय करने में नई बाधा उत्पन्न होगी। बाइडन ने भी चुनाव अभियान में चीन के उइगर मुसलमानों पर अत्याचार को नरसंहार बताया था।
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आयोग के सह अध्यक्ष डेमोक्रेट सांसद जिम मैकगवर्न ने कहा कि बाइडन को शिनजियांग में नरसंहार के लिए चीन को जिम्मेदार करार देना चाहिए।

रिपोर्ट का चीन ने किया विरोध
रिपोर्ट का विरोध कर चीन ने इसे झूठा और अपनी छवि धूमिल करने वाला बताया है। चीनी दूतावास के प्रवक्ता ने कहा कि यह चीन के प्रति अमेरिका की अत्यधिक दिलचस्पी का नतीजा है।

साबित करना मुश्किल
अंतरराष्ट्रीय कानूनों के तहत नरसंहार को साबित करना मुश्किल प्रक्रिया है। इसका साक्ष्य प्रस्तुत करते हुए आयोग को बताना होगा कि चीन द्वारा उइगर पर अत्याचार उनका खात्मा करने की नीयत से किए जा रहे हैं।

रिपोर्ट से दुनिया के लिए क्या बदलेगा?
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अमेरिका को औपचारिक तौर पर तय करना होगा कि शिनजियांग में चीन अत्याचार कर रहा है और क्या इसे नरसंहार की श्रेणी में रखा जा सकता है।
- शिनजियांग में विश्व के 20 प्रतिशत कपास का उत्पादन होता है। आयोग के अनुसार चीन ने यहां 5.70 लाख लोगों को कपास के काम में जबरन लगाया हुआ है। ऐसे में चीन से कपास खरीदने वाली कंपनियों नाइकी, गैप, एडिडास आदि पर खरीद रोकने का दबाव बढ़ेगा।

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