अत्यधिक बल प्रयोग की निंदा
संयुक्त राष्ट्र स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञों ने मंगलवार को एक प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए सरकार और सुरक्षाबलों से प्रदर्शनकारियों के विरुद्ध तत्काल हिंसा बंद करने और उसकी रोकथाम करने की अपील की है। साथ ही ताकत का गैरकानूनी ढंग से इस्तेमाल करने के जिम्मेदार लोगों की जांच करने और उन पर मुकदमा चलाने की भी मांग की गई है।
मानवाधिकार विशेषज्ञों का कहना है कि 1-9 अक्टूबर के बीच सुरक्षाबलों ने जिंदा कारतूसों, रबर बुलेट, बख्तरबंद गाड़ियों सहित अंधाधुंध आंसू गैस और पानी की तेज बौछारों का इस्तेमाल किया।
25 अक्टूबर के बाद से इराकी सुरक्षाबलों ने उससे पहले की तुलना में अधिक संयम का परिचय दिया है और राजधानी बगदाद में विशेष तौर पर यह नजर भी आया है। लेकिन इसके बावजूद अत्यधिक बल प्रयोग से लोगों के हताहत होने की रिपोर्टें अब भी मिल रही हैं। इराक के दक्षिणी गवर्नरेटों में कुछ बंदूकधारियों ने राजनैतिक कार्यालयों की सुरक्षा करते हुए प्रदर्शनकारियों पर गोलियां चलाई हैं।
यूएन विशेषज्ञों ने इन रिपोर्टों की तत्काल जांच कराए जाने की मांग की है, 'हमें इराकी सुरक्षा बलों और हथियारबंद गुटों द्वारा प्रदर्शनकारियों के विरुद्ध अत्यधिक बल प्रयोग और हिंसा पर हैरानी है। यह समझ से परे है और हृदय विदारक भी कि बोलने की आजादी और शांतिपूर्ण ढंग से एकत्र होने के अधिकार का इस्तेमाल करने पर इतनी क्रूर कार्रवाई की जाए।'
उन्होंने कहा कि इराक सरकार का यह उत्तरदायित्व बनता है कि शांतिपूर्ण ढंग से एकत्र होने के अधिकार की रक्षा की जाए।