इस्राइल के साथ चल रहे संघर्ष में लगातार हिजबुल्ला के शीर्ष नेता मारे जा रहे हैं। अब हिजबुल्ला में नए प्रमुख की तैनाती हो गई है। समूह के प्रमुख हसन नरसल्ला की मौत के बाद उप प्रमुख नईम कासिम को नया प्रमुख चुना गया है। वह समूह में स्थापना के समय ही प्रमुख भूमिका निभा रहा है। शूरा परिषद ने हिजबुल्ला की चयन प्रक्रिया के तहत नईम कासिम को प्रमुख चुना है। नईम कासिम रसायन में बीएससी है। इसके अलावा फ्रेंच, अंग्रेजी समेत कई भाषाओं का जानकार है।
इस्राइल के हमलों में मारे गए हिजबुल्ला के प्रमुख
हिजबुल्ला, हमास के समर्थन में लगभग एक साल से उत्तरी इस्राइल में हवाई हमले कर रहा है। हमास वह फलस्तीनी समूह है जिसने 7 अक्तूबर 2023 को इस्राइल में हमले किए थे, जिसमें लगभग 1,200 लोग मारे गए थे और इसके बाद से ही गाजा में जंग छिड़ी हुई है। हिजबुल्ला ने हमास का समर्थन करने के लिए 8 अक्तूबर को इस्राइल पर रॉकेट दागना शुरू कर दिया। तब से इस्राइल और हिजबुल्ला में संघर्ष जारी है।
इस्राइल के हमलों में लगातार हिजबुल्ला के कई शीर्ष नेता मारे जा चुके हैं। बीती 27 सितंबर को ही हिजबुल्ला का गढ़ माने जाने वाले बेरूत के दहियेह में इस्राइली सेना ने हमला कर समूह के प्रमुख नसरल्ला को मार गिराया था। इस्राइल ने इस हमले को अपनी बड़ी उपलब्धि के रूप में देखा था। इसके बाद संगठन के प्रमुख माने जा रहे हाशेम सफीद्दीन भी इस्राइली हमलों में मारा गया। अब नए प्रमुख के तौर पर नईम कासिम की नियुक्ति की गई है।
हिजबुल्ला के संस्थापक सदस्यों में शामिल रहा कासिम
कासिम हिजबुल्ला के संस्थापक सदस्यों में शामिल रहा है। उसकी राजनीतिक सक्रियता 1974 में लेबनानी शिया अमल आंदोलन से शुरू हुई। 1979 में ईरान में हुई इस्लामी क्रांति से प्रेरित होकर कासिम ने अमल आंदोलन छोड़ दिया। इसके बाद उसने हिजबुल्ला के लिए गठन लिए हो रहीं बैठकों में भाग लिया। हिजबुल्ला का गठन 1980 के दशक में लेबनान के लंबे गृहयुद्ध की अराजकता के दौरान हुआ था। कहा जाता है कि इसे ईरान की मदद से दक्षिणी लेबनान पर इस्राइल के कब्जे से लड़ने के लिए बनाया गया था। इस संगठन में कासिम 1991 से उप प्रमुख के रूप में कार्यरत है।
हिजबुल्ला का प्रवक्ता रहा
कासिम लंबे समय से हिजबुल्ला के प्रमुख प्रवक्ता है। उसने इस्राइली हमलों के दौरान कई बार विदेशी मीडिया से बात की है। उसने 2008 में हिजबुल्ला के इतिहास और लक्ष्य को लेकर किताब हिजबुल्ला: द स्टोरी फ्रॉम विदिन लिखी। इसमें उसने कहा था कि हिजबुल्ला का उद्देश्य लेबनान में एक मजबूत, स्थिर और स्वतंत्र देश का निर्माण करना है। हिजबुल्ला भूमि को पश्चिमी कब्जे से मुक्त कराना चाहता है और इस्राइल से लेबनान की रक्षा करना चाहता है।
लेबनान विवि से रसायन में बीएससी की डिग्री ली
नईम कासिम ने 1970 के दशक में लेबनान विवि से रसायन विज्ञान में बीएससी की डिग्री हासिल की। इसके साथ ही उसने कई धार्मिक विषयों का अध्ययन भी किया है। नईम कासिम ने शूरा काउंसिल के प्रमुख का पद भी संभाला है। वह फ्रेंच, अंग्रेजी, अरबी, फारसी समेत कई भाषाओं का जानकार है।