रूस यूक्रेन युद्ध का मंजर
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यूक्रेन का बड़ा सैन्य समर्थक है ब्रिटेन, आर्थिक मदद का एलान कर सकते हैं स्टार्मर
ब्रिटेन को यूक्रेन का बड़ा सैन्य समर्थक माना जाता है। तीन साल पहले रूस के हमले के बाद से ब्रिटेन यूक्रेन को सैन्य और नागरिक सहायता के तौर पर 12.8 बिलियन पाउंड ($16 बिलियन) देने का वादा कर चुका है। इसके साथ ही यूक्रेन के 50 हजार अधिक सैनिकों को भी ब्रिटेन ने प्रशिक्षण दिया है। बताया जा रहा है स्टार्मर एक बार फिर यूक्रेन में आर्थिक सुधार के लिए 40 मिलियन पाउंड ($49 मिलियन) का एलान कर सकते हैं।
ट्रंप के शपथ ग्रहण से पहले यूक्रेन की मदद को उतरे सहयोगी देश
अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के 20 जनवरी को शपथ ग्रहण करने से पहले यूक्रेन के सहयोगी देश उसकी मदद के लिए सारे प्रयास कर रहे हैं। इस मदद का उद्देश्य युद्ध को समाप्त करने के लिए होने वाली वार्ता में यूक्रेन को मजबूत स्थिति में रखना है। यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की ने कहा है कि किसी भी शांति वार्ता में यूक्रेन को अपने बड़े पड़ोसी देश से भविष्य की सुरक्षा के बारे में आश्वासन जरूरत होगी।
अमेरिका को लेकर यूक्रेन परेशान
अब तक रूस के खिलाफ खड़े होने में अमेरिका यूक्रेन की मदद करता रहा है। ब्रिटेन के मुकाबले अमेरिका ने यूक्रेन की बड़ी सैन्य और आर्थिक मदद की है। अब जब अमेरिका में नए राष्ट्रपति ट्रंप शपथ लेने वाले हैं तो यूक्रेन की चिंता बढ़ गई है। क्योंकि ट्रंप यूक्रेन को दी जा रही अमेरिकी सहायता पर आपत्ति जता चुके हैं। ट्रंप का कहना है कि वे युद्ध को शीघ्र समाप्त करना चाहते हैं और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मिलने की योजना बना रहे हैं। ट्रंप रूसी राष्ट्रपति पुतिन की इस बात का भी समर्थन करते रहे हैं कि यूक्रेन को नाटो का हिस्सा नहीं होना चाहिए।
शांति वार्ता से पहले बढ़ रही तल्खी
रूस-यूक्रेन युद्ध के तीन साल पूरे होने को हैं। अब दोनों के बीच शांति वार्ता की पहल की जा रही है। इससे पहले दोनों देश युद्ध के मैदान में बढ़त हासिल करने के लिए पूरा जोर लगा रहे हैं। यूक्रेन ने रूस के कुर्स्क क्षेत्र में हमला शुरू कर दिया है। उसने रूस के अंदर हथियार स्थलों और ईंधन डिपो पर ड्रोन और मिसाइल हमले बढ़ा दिए हैं। वहीं रूस भी पूर्वी यूक्रेन में 600 मील (1,000 किलोमीटर) क्षेत्र में भारी क्षति के बाद भी कब्जा कर रहा है। वह यूक्रेन की ऊर्जा प्रणाली पर तीव्र बमबारी कर रहा है , ताकि यूक्रेन के लोगों को परेशान किया जा सके। बुधवार को यूक्रेन के कई इलाकों में रूस के बैलिस्टिक और क्रूज मिसाइलों ने बड़ा हमला किया। इसके चलते कई बिजली ग्रिड को बंद करना पड़ा।