बेरुत विस्फोट इतिहास के सबसे शक्तिशाली गैर-परमाणु विस्फोटों में से एक था। धमाके में 100 घरों को लगातार एक साल बिजली उपलब्ध कराने जितनी ऊर्जा थी। ब्रिटेन में शेफील्ड विश्वविद्यालय के शोधार्थियों के मुताबिक, यह हिरोशिमा पर गिराए गए परमाणु बम का लगभग 20वां हिस्सा था।
यह एक अभूतपूर्व घटना थी क्योंकि इससे पहले कभी इतना बड़ा गैर-परमाणु विस्फोट दस्तावेजों में दर्ज नहीं है। इस डाटा का इस्तेमाल भविष्य में किसी त्रासदी से निपटने में इस्तेमाल हो सकता है।