फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बांग्लादेश में नहीं बदले हालात: मदरसा के मौलाना पर दुष्कर्म की कोशिश के आरोप, शिकायत करने पर परिवार पर हमला

Tue, 21 Apr 2026 01:14 PM IST
Shubham Kumar वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, ढाका

सार

बांग्लादेश के नोआखली में नाबालिग से दुष्कर्म की कोशिश के आरोप के बाद मामला और भड़क गया। आरोपी के खिलाफ शिकायत करने पर पीड़िता के घर पर भीड़ ने हमला कर दिया। इसके बाद अब मानवाधिकार संगठन ने इसे न्याय व्यवस्था की बड़ी नाकामी बताते हुए कहा कि पीड़ित परिवार को सुरक्षा देने के बजाय डराया जा रहा है, जो बेहद चिंताजनक है।

विज्ञापन
बांग्लादेश का झंडा - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बांग्लादेश के नोआखली जिले में एक नाबालिग लड़की के साथ कथित दुष्कर्म की कोशिश के मामले में नया विवाद खड़ा हो गया है। पीड़िता के परिवार ने जब मदरसा के मौलाना के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई, तो उल्टा उनके ही घर पर हमला कर दिया गया। मानवाधिकार संगठन मनुषेर जोनो फाउंडेशन (एमजेएफ) ने इस घटना की कड़ी निंदा की है। संगठन ने कहा कि पीड़िता और उसके परिवार को सुरक्षा देने की बजाय उन्हें डराया-धमकाया जा रहा है, जो बहुत गंभीर मामला है।

रिपोर्ट के अनुसार, पीड़िता के पिता ने पिछले हफ्ते चारजब्बार पुलिस स्टेशन में मदरसे के अधीक्षक अबुल खायर के खिलाफ मामला दर्ज कराया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि खायर ने उनके बेटी, जो नोआखाली के सुबर्णचर उपजिला में एक स्थानीय मदरसे की निवासी छात्रा थी, से दुष्कर्म का प्रयास किया था। शिकायत दर्ज होने के बाद, कथित तौर पर लगभग 100 लोगों ने पीड़िता के घर पर हमला किया, परिवार के सदस्यों के साथ मारपीट की, और तोड़फोड़ व लूटपाट की। हमले का एक वीडियो शनिवार दोपहर सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसने व्यापक आक्रोश पैदा कर दिया।

विज्ञापन


ये भी पढें:- सीमन जोड़ महिला आरक्षण टाल रही सरकार': सोनिया-राहुल के पत्र का जिक्रकर जयराम रमेश ने कहा- फिर देरी क्यों?
'परि
विज्ञापन
विज्ञापन

मानवाधिकार संगठन के कार्यकारी निदेशक ने क्या कहा?
एमजेएफ की कार्यकारी निदेशक शाहीन इनाम ने एक प्रमुख बांग्लादेशी समाचार पत्र को बताया कि यह घटना दर्शाती है कि न्याय मांगने वाले पीड़ितों और उनके परिवारों को अक्सर दंडित किया जाता है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि राज्य को पीड़ितों और उनके परिवारों की रक्षा करनी चाहिए और आरोपी की गिरफ्तारी व अभियोजन सुनिश्चित करना चाहिए। उनका कहना था कि न्याय कानूनी प्रणाली के माध्यम से आना चाहिए, न कि अनौपचारिक समझौते या सामाजिक दबाव से।

ये भी पढें:- Kartik Vasudev Murder: भारतीय के हत्यारे को आजीवन कारावास, UP के छात्र कार्तिक को कनाडा की अदालत से मिला इंसाफ

मानवाधिकार संगठन की मांगें

मामले में एमजेएफ ने बांग्लादेशी अधिकारियों से सुबर्णचर की पीड़िता और उसके परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने, आरोपी के साथ-साथ हमले में शामिल अन्य लोगों को गिरफ्तार करने और एक त्वरित, निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कराने का आग्रह किया है। संगठन ने मामले को अनौपचारिक रूप से निपटाने या बाधित करने के किसी भी प्रयास के खिलाफ कार्रवाई की भी मांग की है। साथ ही, सभी शैक्षणिक संस्थानों में मजबूत निगरानी और जवाबदेही की वकालत की है। संगठन ने कानूनी कार्यवाही में देरी और उचित जांच के बजाय स्थानीय समाधान खोजने के प्रयासों पर भी चिंता जताई।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें