पाकिस्तान की एक अदालत ने पूर्व सेना प्रमुख जनरल (सेवानिवृत्त) कमर जावेद बाजवा के व्यक्तिगत कर की जानकारी लीक करने में कथित संलिप्तता के आरोप में गिरफ्तार वरिष्ठ पत्रकार को शनिवार को दो दिन की संघीय जांच एजेंसी (एफआईए) की हिरासत में भेज दिया। ‘बोल न्यूज’ के पत्रकार शाहीद असलम को संघीय जांच एजेंसी (एफआईए) ने शनिवार को लाहौर से गिरफ्तार किया और फिर उन्हें इस्लामाबाद की एर अदालत में पेश किया गया।
पाकिस्तान के वित्त मंत्री इशाक डार ने नवंबर में रिपोर्ट आने के बाद एक जांच बिठाई थी, जिसमें जनरल (सेवानिवृत्त) बाजवा के परिवार की 'अवैध और अनुचित' कर जानकारी के लिए दो अधिकारियों को नामित किया गया था। वित्त प्रभाग के एक बयान में कहा गया था कि यह स्पष्ट रूप से कानून द्वारा प्रदान की जाने वाली कर जानकारी की पूर्ण गोपनीयता का उल्लंघन है।
एफबीआर ने दो अधिकारियों को कर दिया था निलंबित
एफबीआर ने डाटा लीक में कथित संलिप्तता के लिए दो अधिकारियों - जहूर अहमद और आतिफ नवाज वाराइच को दिसंबर में चार महीने के लिए निलंबित कर दिया था। वे अब आरोपों का सामना कर रहे हैं। पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान द्वारा 2019 में तीन साल का विस्तार पाने के बाद 61 वर्षीय बाजवा 29 नवंबर को सेवानिवृत्त हो गए थे।