अमेरिका ने पांच महीने बाद एक बार फिर H-1B वर्क वीजा निलंबन को खत्म कर उसे फिर से शुरू करने की हरी झंडी दे दी है। भारतीय आईटी पेशेवरों में लोकप्रिय H-1B वीजा के आवेदनों की बढ़ते भरमार को देखते हुए ट्रंप प्रशासन ने अस्थाई रूप से निलंबित सभी कैटेगरी के वीजा प्रक्रिया को फिर से शुरू करने का निर्देश दिया है।
H-1B वीजा अप्रवासी वीजा होता है जिसे अमेरिकी कंपनियां अपनी कंपनी में काम कराने के लिए विभिन्न देशों के विशेषज्ञ और तकनीकी कर्मचारियों को जारी करती हैं। तकनीकी कंपनियां हजारों विशेषज्ञों को हर वर्ष एचवनबी वीजा देती हैं।
पढ़ें: अमेरिका ही नहीं भारतीयों के लिए इन देशों में भी वीजा लेना है मुश्किल
H-1B वीजा प्रोसेसिंग इसी साल अप्रैल में बंद कर दिया गया था जिसके बाद इमीग्रेशन सर्विस प्रोवाइडर के पास वीजा की मांग के लिए भरमार लग गई थी। भारतीय आईटी प्रोफेशनल के लिए केवल अमेरिका ही नहीं बल्कि विश्व के कई देशों में वीजा लेना काफी मुश्किल हो गया था। भारत के दोस्त जापान, सिंगापुर सहित पड़ोसी मुल्क चीन में भी वीजा लेने के लिए कई सारी पाबंदियां लगाई गई थीं या फिर नियमों को काफी सख्त कर दिया गया है।
मीडिया में आई खबरों के मुताबिक H-1B वीजा का निलंबन 2018 के वित्तीय वर्ष को ध्यान में रख कर हटाया गया है। रिपोर्ट्स में कहा गया है कि सलाना 65000 प्रीमियम वीजा धारकों को रिज्यूम तो किया ही जाएगा, साथ ही काम और उच्च शिक्षा के लिए अमेरिका आने वाले 20,000 अतिरिक्त लोगों को भी वर्क वीजा दिए जाने की योजना है।